Magha Purnima 2026 Shubh Muhurat Puja Vidhi & Significance: हिंदू धर्म में प्रत्येक मास के शुक्लपक्ष की पंद्रहवीं तिथि यानि पूर्णिमा को बहुत ज्यादा पुण्यदायी माना गया है, लेकिन यह इसका पुण्यफल तब और भी ज्यादा बढ़ जाता है, जब यह माघ मास में पड़ती है और माघी पूर्णिमा के नाम से जानी जाती है. पंचांग के अनुसार आज माघ पूर्णिमा का महापर्व मनाया जा रहा है और आज रविवार और सर्वार्थ सिद्धि योग के मिलने से बने रवि-पुष्य योग के कारण और भी ज्यादा शुभ और पुण्यदायी हो गई है. माघ पूर्णिमा जो कि प्रयागराज में लगने वाले माघ मेले का पांचवां प्रमुख स्नान होता है, उसमें किस उपाय को करने से पूरे मास का पुण्यफल प्राप्त होता है? माघ मास की पूर्णिमा में स्नान-दान का क्या फल है आइए इसे विस्तार से जानते हैं.
माघ पूर्णिमा पर गंगा स्नान का धार्मिक महत्व
हिंदू मान्यता के अनुसार माघ मास की पूर्णिमा पर पुण्यदायिनी मां गंगा का स्नान बहुत ज्यादा धार्मिक महत्व माना गया है. हिंदू मान्यता के अनुसार यदि आप पूरे माघ मास तक किसी कारणवश गंगा स्नान न कर पाएं तो आप आज माघ पूर्णिमा वाले दिन गंगा जी में श्रद्धा के साथ तीन डुबकी लगाकर पूरे माघ का पुण्यफल अर्जित कर सकते हैं, लेकिन ध्यान रहे कि गंगा स्नान करने से पहले अपने घर से तन और मन से पवित्र होकर जाएं क्योंकि सनातन परंपरा में गंगा नदी को जल तीर्थ और पूजनीय माना गया है, इसलिए उसमें अशुद्ध अवस्था में प्रवेश करने की भूल न करें.
माघ पूर्णिमा पर इन चीजों के दान से होगा कल्याण
माघ पूर्णिमा पर स्नान के साथ दान करने का बहुत ज्यादा महत्व माना गया है. हिंदू मान्यता के अनुसार माघ पूर्णिमा पर व्यक्ति को किसी जरूरतमंद व्यक्ति या किसी तीर्थ पुराहित या फिर मंदिर के पुजारी को अपने सामर्थ्य के अनुसार अन्न, वस्त्र और धन का दान करना चाहिए. माघ पूर्णिमा का दान करते समय भूलकर भी अभिमान न करें बल्कि दान लेने वाले व्यक्ति का आभार प्रकट करें. माघ पूर्णिमा पर यदि गुप्त दान किया जाए तो वह सबसे उत्तम माना गया है.
माघ पूर्णिमा की पूजा के नियम
- माघ पूर्णिमा का पुण्यफल पाने के लिए आज देर तक न सोएं और और प्रात:काल स्नान-ध्यान करने के बाद पूरे विधि-विधान से व्रत, पूजा और मंत्र जप करें.
- माघ पूर्णिमा पर यदि संभव हो तो गंगा स्नान करें और यदि न जा पाएं तो घर में नहाने के पानी में गंगाजल मिलाकर स्नान करें.
Magh Purnima 2026: माघ मास की पूर्णिमा का पुण्यफल पाने के लिए जाने क्या करना और क्या नहीं करना चाहिए?
- माघ पूर्णिमा पर स्नान के बाद भगवान विष्णु का स्वरूप माने जाने वाले भगवान सूर्य को सुबह और मन के कारक माने जाने वाले चंद्र देवता को अर्घ्य दें.
- माघ पूर्णिमा पर पीले अथवा सफेद रंग के वस्त्र धारण करें. भूलकर भी आज पहने हुए गंदे और काले रंग के कपड़े न पहनें.
- माघ पूर्णिमा पर भगवान विष्णु के साथ माता लक्ष्मी और चंद्र देवता की विशेष पूजा करें.
- माघ पूर्णिमा पर भूलकर भी क्रोध न करें और न ही किसी की निंदा या आदि करें.
माघ पूर्णिमा का महाउपाय
माघ पूर्णिमा का पुण्यफल पाने के लिए आज तन और मन से पवित्र होकर सूर्य और चंद्र यानि दोनों देवता की पूजा करें. इसी प्रकार माघ पूर्णिमा पर भगवान विष्णु का स्वरूप माने जाने वाले भगवान सत्यनारायण की कथा को सुनने के बाद श्री विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ अवश्य करें. इसी प्रकार श्री हरि की साधना करने के साथ धन की देवी मां लक्ष्मी की भी विशेष पूजा और उनके मंत्रों तथा लक्ष्मी अष्टकं का पाठ या फिर जप करें.
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. एनडीटीवी इसकी पुष्टि नहीं करता है.)














