दिल्ली से GRAP-4 हटा, बीएस-4 गाड़ियों की एंट्री समेत ये पाबंदियां हटीं, जानें कौन-से प्रतिबंध अब भी लागू

दिल्ली-एनसीआर के प्रदूषण में मामूली सुधार के बाद ग्रैप-4 हटा लिया गया है, जबकि ग्रैप स्टेज 3 और उससे नीचे की पाबंदियां अब भी लागू रहेंगी.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • दिल्ली-एनसीआर में एयर क्वालिटी में मामूली सुधार के बाद ग्रैप-4 की पाबंदियां हटाने का आदेश जारी किया गया है
  • सर्दी के मौसम और बेहद खराब हवा को देखते हुए ग्रैप के पहले तीन चरणों के प्रतिबंध अभी भी लागू रहेंगे
  • ग्रैप-4 भले ही हट गया हो, लेकिन पुरानी प्राइवेट कार के मालिकों के लिए चुनौतियां पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।

दिल्ली-एनसीआर में छाए प्रदूषण में मामूली सुधार होने के बाद वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने मंगलवार को ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के चौथे चरण की सबसे सख्त पाबंदियों को हटाने का आदेश दिया है. हालांकि सर्दी के मौसम और 'बेहद खराब' एयर क्वालिटी को देखते हुए ग्रैप के पहले तीन चरणों (Stage 1, 2, 3) के प्रतिबंध अभी भी लागू रहेंगे.

भारी वाहनों को मिली बड़ी राहत

ग्रैप-4 हटने से सबसे बड़ी राहत भारी वाहनों को मिली है. अब दिल्ली में रजिस्टर्ड डीजल से चलने वाले बीएस-4 (BS-IV) और उससे नीचे की कैटिगरी के भारी माल वाहक वाहनों (HGVs) के प्रवेश पर लगा प्रतिबंध खत्म कर दिया गया है. इससे पहले केवल आवश्यक वस्तुओं और सेवाओं से जुड़े भारी वाहनों को ही प्रवेश की अनुमति थी, लेकिन अब अन्य भारी वाहन भी सड़कों पर लौट सकेंगे.

ये भी देखें- कड़ाके की सर्दी और कोहरा गायब! दिल्ली NCR में अब बारिश से पलटेगा मौसम, जानें 1 हफ्ते का वेदर अपडेट

इन प्राइवेट कारों पर अब भी बैन

ग्रैप-4 भले ही हट गया हो, लेकिन पुरानी प्राइवेट कार के मालिकों के लिए चुनौतियां पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं. ग्रैप-3 की पाबंदियां अभी लागू हैं, ऐसे में दिल्ली, गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाजियाबाद और गौतम बुद्ध नगर में बीएस-3 पेट्रोल (BS-III Petrol) और बीएस-4 डीजल (BS-IV Diesel) वाली चार पहिया गाड़ियों के चलाने पर प्रतिबंध जारी रहेगा. हालांकि इस नियम से दिव्यांगों को निजी उपयोग के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले विशेष वाहनों को छूट मिलती है.

इन कमर्शल वाहनों पर भी रहेगा प्रतिबंध

माल ढोने वाले छोटे और मध्यम वाहनों के लिए नियम भी कड़े हैं. दिल्ली में रजिस्टर्ड डीजल से चलने वाले मध्यम माल वाहक वाहन (MGV) जो बीएस-4 या उससे नीचे मानक के हैं, उन पर दिल्ली के भीतर प्रतिबंध लागू रहेगा. इनके अलावा, दिल्ली के बाहर रजिस्टर्ड बीएस-4 और उससे नीचे के डीजल से चलने वाले हल्के कमर्शल व्हीकल्स (LCV) भी दिल्ली में प्रवेश नहीं कर पाएंगे. हालांकि इस नियम में ऐसे वाहनों को छूट मिलती है, जो आवश्यक वस्तुएं या सेवाएं प्रदान करते हैं.

Advertisement

ग्रैप-4 हटने से ये प्रमुख पाबंदियां भी खत्म हो जाती हैं-

  • बड़े सार्वजनिक प्रोजेक्ट जैसे हाईवे, रोड, फ्लाईओवर, ओवरब्रिज के अलावा पावर ट्रांसमिशन, पाइपलाइन और फोन लाइन बिछाने जैसे काम काम फिर से शुरू हो सकेंगे. ग्रैप-4 में इन सभी पर रोक रहती है. ग्रैप-3 के तहत सामान्य निजी निर्माण गतिविधियों पर पाबंदियां अभी भी जारी रहेंगी.
  • दिल्ली, गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाजियाबाद और गौतम बुद्ध नगर में छठी क्लास से लेकर 9वीं और 11वी के छात्रों के लिए अब स्कूल खुल सकेंगे. हालांकि इनका संचालन हाइब्रिड मोड (ऑफलाइन और ऑनलाइन) में किया जाएगा.
  • पैरंट्स के पास हाइब्रिड मोड में बच्चों को पढ़ाने का विकल्प होगा. जहां भी ऑनलाइन पढ़ाई की सुविधा उपलब्ध है, वहां स्टूडेंट अपनी सुविधा के अनुसार चुन सकेंगे. एनसीआर के अन्य जिलों की सरकारें भी अपने इलाकों में इसी तरह हाइब्रिड मोड में क्लास चलाने पर विचार कर सकती हैं.

सीएक्यूएम ने स्पष्ट किया है कि सर्दियों के मौसम में प्रदूषण को फिर बिगड़ने से रोकने और एक्यूआई को दोबारा 'बेहद गंभीर' श्रेणी में जाने से रोकने के लिए ग्रैप-1, 2 और 3 के नियमों का कड़ाई से पालन किया जाएगा. मंगलवार को दिल्ली का औसत एक्यूआई 378 दर्ज किया गया, जो 'बेहद खराब' श्रेणी में आता है. 17 जनवरी को इसके 450 के पार पहुंचने पर ग्रैप-4 लागू किया गया था.

ये भी देखें- प्रदूषण से मामूली राहत, दिल्ली-NCR से हटा GRAP-4 का पहरा, मगर ये पाबंदियां अब भी लागू
 

Advertisement
Featured Video Of The Day
Israel PM Netanyahu ने कहा Gaza में Turkish Army को No Entry, US President Trump को दो टूक
Topics mentioned in this article