- विशाखापत्तनम में चौथे टी20 मुकाबले में भारत को न्यूजीलैंड के खिलाफ 50 रनों से हार का सामना करना पड़ा
- शिवम दुबे ने 23 गेंदों में 65 रन बनाकर टीम को मैच में वापसी का मजबूत मौका दिया था
- मैच के 15वें ओवर की आखिरी गेंद पर दुबे रन आउट हो गए, जिससे भारत की जीत की उम्मीदें खत्म हो गईं
Shivam Dube Wicket Turning Point IND vs NZ, 4th T20I: विशाखापत्तनम में न्यूजीलैंड के खिलाफ चौथे T20 मुकाबले में 216 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए भारतीय टीम को 50 रनों से हार का सामना करना पड़ा. हालांकि, मैच में एक ऐसा पल भी आया, जिसने अगर करवट ना ली होती तो शायद मुकाबले का रुख बदल सकता था. हेड कोच गौतम गंभीर का संदेश समय रहते मैदान पर नहीं पहुंच पाया और टीम इंडिया की जीत की उम्मीदें खत्म हो गईं.
दुबे की तूफानी पारी और निर्णायक पल
शुरुआती झटकों के बाद, शिवम दुबे ने सिर्फ 15 गेंदों में T20I का तीसरा सबसे तेज अर्धशतक जड़कर टीम इंडिया को मैच में वापस ला खड़ा किया था. वह 23 गेंदों में 65 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद थे और जीत की ओर देख रहे थे. मैच के 15वें ओवर की आखिरी गेंद पर यह निर्णायक घटना हुई. हर्षित राणा स्ट्राइक पर थे और उन्होंने मैट हेनरी की गेंद पर सामने की तरफ शॉट खेला.
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गेंद हेनरी की उंगलियों को छूती हुई सीधे नॉन-स्ट्राइकर एंड के विकेट पर जा लगी जिसके बाद शिवम दुबे जो उस वक्त क्रीज से बाहर थे उनके विकेट की अपील न्यूजीलैंड टीम के तरफ से किया गया और उन्हें तीसरे अंपायर द्वारा रन आउट करार दिए गया.
नहीं पहुंच पाया कोच गंभीर का संदेश
दिलचस्प बात यह है कि इस गेंद से ठीक पहले, डगआउट में कोच गौतम गंभीर ईशान किशन से बात कर रहे थे और ईशान बहुत जल्दी में मैदान पर शिवम और हर्षित के लिए संदेश लेकर भागने वाले थे. गंभीर शायद बल्लेबाजों को कोई खास रणनीति या निर्देश देना चाहते थे, क्योंकि मैच रोमांचक मोड़ पर था, लेकिन किस्मत को यह मंजूर नहीं था, हालांकि उससे ठीक पहले एक बार ईशान किशन मैदान में गंभीर का संदेश लेकर गए थे लेकिन उसके बाद गंभीर का संदेश दुबारा नहीं पहुंचा.
इससे पहले कि गंभीर का वह महत्वपूर्ण संदेश मैदान तक पहुंच पाता, शिवम दुबे दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से रन आउट हो गए. दुबे के आउट होते ही टीम इंडिया की जीत की उम्मीदें पूरी तरह से खत्म हो गईं और भारत 165 रनों पर ऑलआउट हो गया. यह पल मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ, जिसने गंभीर की रणनीति को मैदान पर पहुंचने से पहले ही नाकाम कर दिया.














