- गोपीबल्लवपुर से तृणमूल कांग्रेस के मौजूदा विधायक डॉ. खगेन्द्रनाथ महतो ने भारतीय जनता पार्टी जॉइन की है
- खगेन्द्रनाथ महतो ने विपक्षी नेता सुवेंदु अधिकारी की मौजूदगी में भाजपा की सदस्यता ग्रहण की है
- गोपीबल्लवपुर सीट कुर्मी बहुल क्षेत्र है जहां खगेन्द्रनाथ महतो के पार्टी बदलने से चुनावी मुकाबला और बढ़ गया है
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान से कुछ ही घंटे पहले सियासी हलचल तेज हो गई है. गोपीबल्लवपुर से तृणमूल कांग्रेस (TMC) के मौजूदा विधायक और 2021 का चुनाव जीत चुके डॉ. खगेन्द्रनाथ महतो ने आज भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया. उनके इस कदम को तृणमूल के लिए बड़ा झटका और चुनावी मैदान में आखिरी वक्त का गेम‑चेंजर माना जा रहा है
सुवेंदु अधिकारी की मौजूदगी में BJP में हुए शामिल
डॉ. खगेन्द्रनाथ महतो ने विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी के नेतृत्व में BJP में शामिल हुए. इसी के साथ गोपीबल्लवपुर विधानसभा सीट, जो कि कुर्मी बहुल क्षेत्र मानी जाती है. उस पर सियासी मुकाबला अचानक और ज्यादा दिलचस्प हो गया है. खगेन्द्रनाथ महतो ने 2021 विधानसभा चुनाव में गोपीबल्लवपुर से TMC के टिकट पर जीत दर्ज की थी. लेकिन 2026 के चुनाव से ठीक पहले उनका पार्टी बदलना यह साफ संकेत देता है कि इस सीट पर मुकाबला आखिरी लम्हों में पूरी तरह पलट सकता है.
कुर्मी वोट बैंक पर नजरें, बदली चुनावी गणित
गोपीबल्लवपुर सीट को कुर्मी समुदाय का मजबूत गढ़ माना जाता है. ऐसे में खगेन्द्रनाथ महतो जैसे प्रभावशाली नेता का BJP में जाना सिर्फ पार्टी बदलने की घटना नहीं, बल्कि वोट बैंक के संभावित ट्रांसफर के तौर पर भी देखा जा रहा है. राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि इससे TMC की पकड़ कमजोर हो सकती है, BJP को जमीनी स्तर पर बढ़त मिल सकती है और आखिरी घंटों में मतदाताओं का रुख बदल सकता है. पहले चरण के मतदान से ठीक पहले हुए इस घटनाक्रम ने पूरे जिले में राजनीतिक सरगर्मी को काफी बढ़ा दिया है.














