विशाल सिक्का ने अपने ब्लॉग में कंपनी कर्मचारियों को लिखा खत सार्वजनिक किया है...
इन्फोसिस के CEO और MD पद से इस्तीफा दे चुके विशाल सिक्का ने कहा है कि उनके इस्तीफे की वजह कंपनी में लगातार उनके खिलाफ बनता दुर्भावनापूर्ण माहौल था, और वह खुद पर हो रहे 'व्यक्तिगत' हमलों से बचाव करते हुए इन्फोसिस के सीईओ नहीं बने रह सकते थे.
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विशाल सिक्का ने अपने ब्लॉग में उस खत को सार्वजनिक किया है, जो उन्होंने कंपनी के कर्मचारियों को लिखा था. इस खत को ब्लॉग पर पोस्ट किए जाने की जानकारी विशाल सिक्का ने ट्विटर पर दी.
खत में विशाल सिक्का ने लिखा, "कई दिन से, या कहें कई हफ्तों से, मैं इस फैसले के बारे में सोचता रहा हूं... मैंने फायदे-नुकसानों, उठ सकने वाले मुद्दों और अलग-अलग तर्कों के बारे में सोचा... लेकिन अब, बहुत सोच-विचार के बाद, और पिछली कुछ तिमाहियों से बने हुए माहौल को ध्यान में रखते हुए मैं अपने फैसले पर बिल्कुल साफ हूं... मेरे लिए स्पष्ट है कि पिछले तीन साल में हासिल की कामयाबियों के बावजूद, हमारे द्वारा बोए गए इनोवेशन के बीजों के बावजूद, मैं सीईओ के तौर पर कंपनी के लिए वैल्यू ऐड करते हुए अपना काम जारी नहीं रख सकता हूं, जबकि मुझे इसी के साथ लगातार जारी आधारहीन / दुर्भावनापूर्ण और 'व्यक्तिगत' हमलों से बचाव भी करते रहना है..."
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विशाल सिक्का ने कहा, "तीन साल पहले मैंने यह सफर शुरू किया था, और मुझसे उम्मीद की गई थी कि मैं इनोवेशन और उद्यमिता से कंपनी का स्वरूप बदल डालूंगा, ताकि हमारे क्लायंटों के लिए कारगर उत्पाद हम बना सकें... हमने अपने राजस्व में बढ़ोतरी की है... वित्तवर्ष 2015 की पहली तिमाही में हासिल हुआ 2.13 अरब अमेरिकी डॉलर का राजस्व अभी पिछली पहली तिमाही में 2.65 अरब अमेरिकी डॉलर हो गया... हमने ऐसा करने के साथ-साथ मार्जिन पर भी खासा फोकस बनाए रखा, और पिछली तिमाही में 24.1 फीसदी ऑपरेटिंग मार्जिन बनाए रखा, जिसकी वजह से हम पहली बार अपने कुछ प्रतिस्पर्द्धियों से आगे निकल पाए... शायद इससे भी ज़्यादा अहम यह है कि प्रति कर्मी राजस्व लगातार छह तिमाहियों में बढ़ा है..."
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विशाल सिक्का ने यह भी लिखा, "अब मुझे आगे बढ़ने की ज़रूरत है, और एक ऐसे वातावरण में लौटने की ज़रूरत है, जहां सम्मान, विश्वास और सशक्तीकरण हो, जहां मैं नई चुनौतियां पा सकूं, और आप सब भी..."