यह ख़बर 10 जून, 2011 को प्रकाशित हुई थी

रिलायंस-एक्सा सौदे से अंबानी बंधु सीधे मुकाबले में

खास बातें

  • मुकेश अंबानी की अगुवाई वाले रिलायंस समूह द्वारा बीमा कारोबार में कदम रखने के साथ अंबानी बंधु एकदूसरे से सीधी प्रतिस्पर्धा में आ गए।
नई दिल्ली:

गैर-प्रतिस्पर्धी समझौता रद्द करने के करीब एक साल बाद मुकेश अंबानी की अगुवाई वाले रिलायंस समूह द्वारा बीमा कारोबार में कदम रखने के साथ अंबानी बंधु एकदूसरे से सीधी प्रतिस्पर्धा में आ गए। छोटे भाई अनिल अंबानी की अगुवाई वाला एडीए समूह की कंपनी रिलायंस लाइफ इंश्यारेंस और रिलायंस जनरल इंश्योरेंस पहले ही अपने-अपने कारोबार में मजबूत स्थिति में हैं और इनका सीधा मुकाबला भारती एक्सा लाइफ और भारती एक्सा जनरल इंश्यारेंस से था। अब मुकेश की अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज ने भारती-एक्सा लाइफ और भारती एक्सा जनरल इंश्योरेंस में भारती की संपूर्ण हिस्सेदारी खरीद ली है। घोषणा के मुताबिक भारती समूह एक्सा के साथ स्थापित संयुक्त उद्यमों में अपनी हिस्सेदारियां रिलायंस इंडस्ट्रीज को बेचकर बाहर निकलेगा। करीब एक साल पहले, अंबानी बंधुओं ने अपने मतभेदों को भुलाकर 23 मई, 2010 को एक समझौते की घोषणा की थी जिसमें दोनों भाइयों के समूहों के बीच करीब पांच साल पुराने गैर-प्रतिस्पर्धी समझौते को रद्द करना भी शामिल था। उल्लेखनीय है कि अनिल अंबानी का समूह पहले से ही बीमा, म्यूचुअल फंड, ब्रोकरेज और गैर-बैंकिंग वित्तीय सेवाओं सहित कई वित्तीय सेवाओं के कारोबार में मौजूद है। वहीं दूसरी ओर, मुकेश की अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज ने रिलायंस रिटेल फाइनेंस, रिलायंस रिटेल इंश्योरेंस ब्रोकिंग, रिलायंस फाइनेंशियल डिस्ट्रीब्यूशन एंड एडवाइजरी और रिलायंस रिटेल ट्रैवेल एंड फारेक्स सर्विस नाम की कई अनुषांगिक संस्थाएं स्थापित की हैं। 


Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com