IIP Records Growth: बजट 2026 से ठीक पहले भारतीय अर्थव्यवस्था के मोर्चे पर एक बहुत बड़ी खुशखबरी आई है. देश के इंडस्ट्रियल सेक्टर (Industrial Sector) ने जोरदार छलांग लगाते हुए 7.8% की ग्रोथ हासिल की है, जो पिछले 26 महीनों में सबसे हाई लेवल है. दिसंबर 2025 के इन आंकड़ों ने साफ कर दिया है कि खनन, मैन्युफैक्चरिंग और बिजली जैसे कोर सेक्टर में आई तेजी ने भारतीय उद्योग जगत में नई जान फूंक दी है.
किन सेक्टर्स ने बढ़ाई रफ्तार
इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन सूचकांक (IIP) में इस बड़ी बढ़त के पीछे अहम रूप से तीन सेक्टर्स का हाथ रहा, जिसमें मैन्युफैक्चरिंग (8.1%), खनन (6.8%) और बिजली (6.3%) शामिल हैं.
कौन सबसे आगे?
मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में तो कुछ खास इंडस्ट्रीज ने रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन किया है, जिसमें शामिल हैं-
- कंप्यूटर और इलेक्ट्रॉनिक्स: +34.9%
- ऑटोमोबाइल: +33.5%
- कंस्ट्रक्शन और इंफ्रास्ट्रक्चर: +12.1%
- फार्मा: +10.2%
खास बात यह है कि मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के 23 इंड्रस्टी ग्रुप में से 16 ग्रुप ने पॉजिटिव ग्रोथ दर्ज की है, जिससे पता चलता है कि विकास का आधार बहुत मजबूत है.
उपभोक्ताओं का बढ़ा भरोसा
आंकड़ों की एक दिलचस्प बात यह भी है कि कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, जिसमें फ्रिज, टीवी, AC शामिल हैं, इनमें 12.3% की भारी बढ़त हुई है. इससे पता चलता है कि आम जनता का भरोसा बढ़ रहा है और बाजार में डिमांड मजबूत बनी हुई है.
बजट में दिखेगा असर?
एक्सपर्ट का मानना है कि बजट से ठीक पहले इंडस्ट्रियल सेक्टर के यह कमाल के आंकड़े सरकार के लिए राहत की बात है. इससे आने वाले वित्त वर्ष के लिए आर्थिक ग्रोथ मजबूत होगी.














