Budget 2026: बजट 2026 की तैयारियों के बीच ASSOCHAM के नेशनल प्रेसिडेंट और ऊनो मिंडा (Uno Minda) के एग्जीक्यूटिव चेयरमैन निर्मल कुमार मिंडा ने अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाई पर ले जाने के लिए वित्त मंत्री के सामने अपना विजन रखा है. NDTV से खास बातचीत में उन्होंने कहा कि अगर आम आदमी की जेब में पैसा बचाना है, तो सरकार को मेडिकल और शिक्षा जैसे बुनियादी खर्चों को कम करने पर फोकस देना होगा.
पुराने सुधारों का दिखा असर
उन्होंने सरकार की तारीफ करते हुए कहा कि, सरकार ने GST रेट को रेशनलाइज किया और घटाया. इनकम टैक्स रेट कम किया. इसका बाजार और अर्थव्यवस्था पर अच्छा असर पड़ा है.
जेब में बचेगा पैसा, तो बढ़ेगी डिमांड
निर्मल मिंडा ने कहा कि आज मिडिल क्लास का एक बड़ा हिस्सा महंगी शिक्षा और मेडिकल बिलों में चला जाता है. अगर सरकार बजट में इन खर्चों को कम करने के प्रावधान करती है, तो लोगों के पास डिस्पोजेबल इनकम बढ़ेगी, जिससे ऑटोमोबाइल जैसे सेक्टरों की डिमांड में उछाल आएगा.
जापान-भारत पार्टनरशिप
निर्मल मिंडा ने लोकल प्रोडक्शन को बढ़ाने पर राय देते हुए कहा, अगर जापानी कंपनियों को भारत में बिजनेस करने का अच्छा माहौल मिल जाए तो वो हमारे अर्थव्यवस्था में निवेश करेंगे और लोकल प्रोडक्शन भी बढ़ेगा. भारत में जीडीपी का 60% हिस्सा सेल्फ कंजप्शन का है. हमारे देश में आयात ज्यादा होता है, एक्सपोर्ट कम है. बहुत सारे ट्रेड ऐसे हैं, जिसमें हम ज्यादा इंपोर्ट करते हैं. इस पर निर्भरता कम करने के लिए ये बेहद जरूरी होगा कि इज ऑफ डूइंग बिजनेस और सिम्प्लिफिकेशन ऑफ प्रोसेसेज पर फोकस किया जाए.
ऑटो सेक्टर के लिए अच्छा मौका
निर्मल मिंडा के अनुसार भारत के ऑटो सेक्टर में लगभग 50% हिस्सा मारुती, टोयोटा और हौंडा का है. जापानी कंपनियों के सप्लायर्स हमारी MSME यूनिट्स से जुड़ना चाहती हैं. वहीं दूसरी तरफ यूरोप और अमेरिका में डिमांड घट रही है. ये हमारे लिए क्षमता बढ़ाने का एक अच्छा मौका है.
इनोवेशन बढ़ाने पर जोर
निर्मल मिंडा ने बताया भारत की जीडीपी का 60% हिस्सा सेल्फ कंजम्पशन है, लेकिन हम आज भी कई चीजों के लिए आयात पर निर्भर हैं. ऐसे में आत्मनिर्भर भारत बनाने के लिए ये जरूरी है कि बजट में इंपोर्ट कम करने के लिए विशेष प्रावधान शामिल करना जरूरी होगा. इसके लिए R&D के साथ इनोवेशन पर काम करना जरूरी है. हमने वित्तमंत्री को सुझाव दिया है प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (PLI) स्कीम अच्छी है, उसको और बढ़ाया जाना चाहिए इसके लिए विशेष प्रावधान बजट में करना चाहिए.














