- बिहार के डिप्टी CM विजय सिन्हा के यहां दही-चूड़ा भोज में तेज प्रताप की मौजूदगी ने राजनीतिक चर्चा तेज कर दी.
- तेज प्रताप ने कार्यक्रम में संकेत दिए कि खरमास के बाद बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव संभव है.
- दही-चूड़ा भोज में राज्यपाल, CM नीतीश कुमार सहित NDA के कई बड़े नेता शामिल हुए, जिसे JDU ने महा जुटान बताया.
बिहार की राजनीति में मकर सक्रांति के मौके पर होने वाला दही-चूड़ा भोज अब सिर्फ परंपरा नहीं, बल्कि सियासी संदेशों का मंच बनता दिख रहा है. मंगलवार को उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा के आवास पर आयोजित दही-चूड़ा भोज में RJD सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव की मौजूदगी ने राजनीतिक हलकों में हलचल तेज कर दी है. NDA के बड़े नेताओं की मौजूदगी वाले इस आयोजन में तेज प्रताप यादव का पहुंचना और उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा के साथ खुलकर बातचीत और सौहार्दपूर्ण तस्वीरें कई संकेत दे गईं. राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह सिर्फ शिष्टाचार नहीं, बल्कि बदलते राजनीतिक समीकरणों की ओर इशारा है.
खरमास के बाद कुछ बड़ा– संकेत साफ
कार्यक्रम के दौरान तेज प्रताप यादव ने इशारों-इशारों में यह भी कहा कि खरमास के बाद कुछ बड़ा देखने को मिल सकता है, जिससे बिहार की राजनीति में नई चर्चाओं को हवा मिल गई है. तेज प्रताप के इस बयान को उनके भविष्य के राजनीतिक कदमों से जोड़कर देखा जा रहा है. आज बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा के आवास पर दही-चूड़ा भोज का आयोजन रखा गया. इस कार्यक्रम में बिहार के एनडीए नेताओं का जमावड़ा लगा.
विजय सिन्हा के साथ तेज प्रताप की गुफ्तगू की यह तस्वीर उनकी नजदीकी को बयां कर रहा है.
अब तेज प्रताप के भोज पर टिकी है निगाहें
मालूम हो कि तेज प्रताप यादव ने भी विजय सिन्हा सहित एनडीए के कई नेताओं और मंत्रियों को अपने आवास पर होने वाले दही-चूड़ा भोज के लिए भी आमंत्रण दिया है. अब सबकी नजरे तेज प्रताप यादव के यहां होने वाले दही चूड़ा भोज पड़ टिकी है. देखना होगा कि इस भोज में कौन-कौन नेता शामिल होते हैं.
NDA नेताओं से नजदीकी, नई राजनीति की शुरुआत?
एनडीए मंच पर तेज प्रताप की मौजूदगी और लगातार बढ़ते संपर्कों ने बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है— क्या एनडीए नेताओं से बढ़ती नजदीकी तेज प्रताप यादव की भविष्य की राजनीति की शुरुआत है? या फिर यह आने वाले दिनों में बिहार की सियासत में किसी बड़े बदलाव का संकेत है?
NDA का शक्ति प्रदर्शन
इस दही-चूड़ा भोज में राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, तमाम मंत्री और एनडीए घटक दलों के नेता शामिल हुए. जेडीयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने इसे एनडीए का “महा भोज और महा जुटान” बताते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रस्तावित समृद्धि यात्रा की भी जानकारी दी.
अपने हाथों से विजय सिन्हा ने परोसा दही-चूड़ा
बिहार के राज्यपाल से लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत तमाम मंत्री और एनडीए दल के नेता इस दही-चूड़ा भोज में शामिल हुए. इस मौके पर उपमुख्यमंत्री विजय खुद अपने हाथों से सबको दही-चूड़ा खिलाया हैं. लेकिन इस भोज से चौंकने वाली तस्वीर तब सामने आई जब राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान उनके आवास पर पहुंचे, लेकिन तब तक विजय कुमार सिन्हा कैबिनेट बैठक में जा चुके थे.
संजय झा बोले- आज का महाभोज एनडीए नेताओं का महाजुटान
इस मौके पर जेडीयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने कहा कि यह हमारे एनडीए नेताओं का आज महाभोज और महाजुटान है. साथ ही नीतीश कुमार की यात्रा को लेकर कहा कि नीतीश जी हर साल यात्रा पर निकलते हैं. इस बार भी नीतीश कुमार बिहार में समृद्धि यात्रा पर निकल रहे हैं. यह बिहार के विकास के लिए और जिस तरह से जनता का मैंडेट हमे इस बार बिहार में मिला , उसका भी हमलोग धन्यवाद देंगे.
तेज प्रताप के निमंत्रण पर क्या बोले डिप्टी सीएम विजय सिन्हा
उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने इस मौके पर सभी एनडीए नेताओं का धन्यवाद किया है. इस एनडीए की एकजुटता का भी मेसेज दिया है. साथ ही तेज प्रताप यादव के द्वारा दिए गए आमंत्रण पर कहा है कि सनातन की बात करने वाला जो भी उन्हें आमंत्रित करेगा, उनके वहां वह ज़रूर जाएंगे. वहीं तेजस्वी के 100 दिन चुप रहने विजय सिन्हा ने कहा है कि वह विपक्ष की भूमिका सही से निभाए.
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