NEET छात्रा की मौत का मुद्दा उठा रहे थे... पप्पू यादव की गिरफ्तारी पर क्या बोले जीतन राम मांझी

नीट छात्रा की मौत केस पर केंद्रीय मंत्री ने बताया कि राज्य के गृह मंत्री सम्राट चौधरी पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि मामले की हर स्तर पर जांच कराई जा रही है. सामान्य जांच के साथ-साथ एसआईटी, सीआईडी और सीबीआई से भी जांच हो रही है.

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  • केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने पप्पू यादव की गिरफ्तारी पर बयान दिया है.
  • मांझी ने कहा कि PM मोदी की आर्थिक नीतियों के कारण अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ में कमी आई.
  • बजट 2026-27 में 7.7 प्रतिशत वृद्धि हुई है, MSME क्षेत्र का बजट 6.3 प्रतिशत बढ़ाया गया है.
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गयाजी:

केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने बोधगया के एक होटल में पत्रकारों से वार्ता के दौरान पूर्णिया सांसद पप्पू यादव की गिरफ्तारी पर अपनी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि इस मामले पर अधिक टिप्पणी नहीं करना चाहते, लेकिन यह सत्य है कि पप्पू यादव एक छात्रा के साथ हुई बदसलूकी और उसकी नृशंस हत्या जैसे अत्यंत दुखद मुद्दे को पूरी प्रखरता से उठा रहे थे. मांझी ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए इसे समाज के लिए एक दुर्भाग्यपूर्ण मामला बताया.

जीतन राम मांझी ने कहा कि पप्पू यादव ने भावुक होकर इस मुद्दे को उठाया, लेकिन उनकी गिरफ्तारी सीधे उसी प्रकरण में नहीं, बल्कि एक पुराने मामले के आधार पर हुई है. उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून को अपना काम करने देना चाहिए और सभी को कानूनी दायरे में रहकर ही कार्य करना चाहिए. केंद्रीय मंत्री ने बताया कि राज्य के गृह मंत्री सम्राट चौधरी पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि मामले की हर स्तर पर जांच कराई जा रही है. सामान्य जांच के साथ-साथ एसआईटी, सीआईडी और सीबीआई से भी जांच हो रही है. यदि आगे किसी अन्य एजेंसी की जरूरत पड़ी तो उससे भी जांच कराई जाएगी. मांझी ने कहा कि सरकार की मंशा साफ है. जैसे ही ठोस साक्ष्य सामने आते हैं, 24 घंटे के भीतर गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी. उन्होंने दोहराया कि पप्पू यादव की गिरफ्तारी को कानून की प्रक्रिया के तहत ही देखा जाना चाहिए.

ट्रेड डील को लेकर क्या बोले जीतन राम मांझी? 

जीतन राम मांझी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों को देशहित में बताया. केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा कि जब अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाया था, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी केंद्रीय मंत्रियों को इस मुद्दे पर सार्वजनिक बयान न देने का निर्देश दिया था. पीएम ने कूटनीतिक और आर्थिक स्तर पर इस विषय को समझते हुए इंग्लैंड समेत करीब 13 देशों के साथ समझौते किए. इसके बाद जब भारत का यूरोपीय संघ के साथ व्यापार समझौता हुआ, तब अमेरिका को यह एहसास हुआ कि भारत दबाव में आने वाला नहीं है.

मांझी ने कहा कि टैरिफ के बावजूद भारत के निर्यात में कोई गिरावट नहीं आई और न ही देश में महंगाई बढ़ी. इससे स्पष्ट हुआ कि भारत अपनी आर्थिक नीतियों के बल पर आगे बढ़ रहा है. इसी कारण अमेरिका को झुकना पड़ा और टैरिफ घटाकर 18 प्रतिशत करना पड़ा, जो भारत की आर्थिक स्थिति के लिए बेहतर है.

PM का कोई निजी स्वार्थ नहीं, 144 करोड़ देशवासी ही उनका परिवार

कांग्रेस नेता के.सी. वेणुगोपाल के आरोपों पर जवाब देते हुए मांझी ने कहा कि प्रधानमंत्री का कोई निजी स्वार्थ नहीं है. न उनका बेटा है, न बेटी. पीएम मानते हैं कि 144 करोड़ देशवासी ही उनका परिवार हैं. उन्होंने कहा कि यह समझौता देशहित में है. लेकिन विपक्ष अपनी नजर से देखता है. इसलिए सच्चाई उन्हें साफ नजर नहीं आती.

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केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने बजट 2026–27 पर कहा कि प्रधानमंत्री के निर्देश पर सांसद अपने-अपने क्षेत्रों में बजट की जानकारी दे रहे हैं. उन्होंने बताया कि इस आम बजट में पिछले वर्ष की तुलना में 7.7% की वृद्धि हुई है, जबकि MSME क्षेत्र का बजट 6.3% बढ़ा है. MSME को कृषि के बाद सबसे प्रभावी क्षेत्र बताते हुए उन्होंने कहा कि इससे बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा और देश आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ेगा.

रंजन सिन्हा की रिपोर्ट

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