'बड़ी मां' के गले लगकर रो पड़े चिराग पासवान, चाचा पशुपति पारस के पैर छूते ही मिला 'खुश रहो' का आशीर्वाद

खगड़िया में चिराग पासवान और पशुपति पारस के बीच की कड़वाहट धुल गई. दुख की घड़ी में एक हुआ पासवान परिवार, देखें कैसे भतीजे ने चाचा के पैर छूकर लिया आशीर्वाद.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
खगड़िया में चाचा पशुपति कुमार पारस का आशीर्वाद लेते केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान. बड़ी मां राजकुमारी देवी से भी मिला स्नेह.
NDTV Reporter

Khagaria News: बिहार की राजनीति में सोमवार को एक ऐसा अध्याय लिखा गया, जिसने सत्ता के समीकरणों से इतर 'खून के रिश्तों' की अहमियत को सबसे ऊपर रख दिया. केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान 23 मार्च को अपने पैतृक गांव शहरबन्नी (अलौली) पहुंचे. मौका गमगीन था, लेकिन वहां जो तस्वीरें उभरीं, उन्होंने पूरे प्रदेश को भावुक कर दिया. अपने दिवंगत चाचा अर्जुन पासवान को श्रद्धांजलि देने पहुंचे चिराग ने न केवल अपनी बड़ी मां और चाचा पशुपति पारस का आशीर्वाद लिया, बल्कि भाई प्रिंस राज के साथ भी गिले-शिकवे दूर किए.

बड़ी मां के गले लगकर फफक पड़े चिराग

शहरबन्नी स्थित पैतृक आवास पहुंचते ही चिराग पासवान सबसे पहले अपनी बड़ी मां राजकुमारी देवी के पास पहुंचे. जैसे ही चिराग ने उनके पैर छुए, बड़ी मां ने उन्हें गले लगा लिया और चिराग की आंखों से आंसू छलक पड़े. काफी देर तक चिराग अपनी बड़ी मां के गले लगकर रोते रहे, जिसके बाद उन्होंने बड़ी मां का हाल-चाल पूछा. घर के आंगन में मौजूद हर शख्स इस भावुक मिलन का गवाह बना.

पैर छुते ही चाचा बोले- खुश रहो

इन सबके बीच सबसे बड़ी हलचल तब हुई जब पूर्व केंद्रीय मंत्री पशुपति कुमार पारस और चिराग पासवान का आमना-सामना हुआ. सालों की राजनीतिक जंग के बाद आज कोई कड़वाहट नहीं दिखी. चिराग ने झुककर चाचा पशुपति पारस के पैर छुए, जिस पर पारस ने उन्हें 'खुश रहो' कहकर आशीर्वाद दिया. इसके बाद दोनों के बीच करीब 5 मिनट तक एकांत में बातचीत भी हुई. हालांकि, बंद कमरे की बातचीत बाहर नहीं आई, लेकिन दोनों के चेहरे के भाव बता रहे थे कि रिश्तों की बर्फ पिघल चुकी है.

प्रिंस राज को लगाया गले, लगे नारे

पारिवारिक एकजुटता का सिलसिला यहीं नहीं थमा. चिराग पासवान ने अपने छोटे भाई और पूर्व सांसद प्रिंस राज से भी मुलाकात की. दोनों भाई एक-दूसरे के गले लगे और काफी देर तक साथ दिखे. इस दौरान वहां मौजूद समर्थकों का जोश सातवें आसमान पर पहुंच गया और उन्होंने चिराग-प्रिंस के समर्थन में जमकर नारेबाजी भी की.

Advertisement

क्या फिर एक होगा 'पासवान परिवार'?

अर्जुन पासवान की शोक सभा में हुई इस मुलाकात ने बिहार की सियासत में नई अटकलों को जन्म दे दिया है. जिस तरह से चिराग ने अपने बड़ों का सम्मान किया और भाइयों के साथ एकजुटता दिखाई, उससे संकेत मिल रहे हैं कि रामविलास पासवान का परिवार फिर से एक हो सकता है. फिलहाल, शहरबन्नी की ये तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं.

ये भी पढ़ें:- 'आज से तुम्हारे लिए मर गए चाचा...' ऐसे शुरू हुआ था चिराग और पशुपति पारस के बीच टकराव

Advertisement
Featured Video Of The Day
Gold Price Crash Mystery: युद्ध के बीच Safe Haven क्यों टूटा और 2 Trillion Dollar कैसे गायब हुए