Bihar News: बिहार के गोपालगंज में एक 15 साल के किशोर की जान बचाने के लिए उसके छोटे भाई ने जो बहादुरी दिखाई वह मिसाल बन गई है. शेरपुर गांव के रहने वाले शिवम कुमार को जब एक जहरीले गेहुअन सांप ने काट लिया तो वह अचेत होकर गिर पड़ा. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए परिवार वाले उसे तुरंत कुचायकोट स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर कर दिया.
सांप को मार डिब्बे में किया बंद
घटना के वक्त शिवम का छोटा भाई आदर्श वहां मौजूद था. उसने न केवल सांप को भागते हुए देखा बल्कि अपनी जान की परवाह न करते हुए बड़ी फुर्ती से उस जहरीले सांप को दबोच लिया. गुस्से में उसने सांप को मार डाला और फिर उसकी सही पहचान सुनिश्चित करने के लिए उसे एक प्लास्टिक के डिब्बे में पैक कर लिया. आदर्श का मानना था कि यदि डॉक्टर सांप की प्रजाति पहचान लेंगे तो उसके भाई का इलाज ज्यादा सटीक तरीके से हो सकेगा.
अस्पताल में मची अफरातफरी
जैसे ही आदर्श अपने भाई को लेकर सदर अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में दाखिल हुआ, उसने डिब्बे में बंद मरा हुआ सांप सबको दिखाया. सांप देखते ही वार्ड में मौजूद मरीजों और उनके परिजनों के बीच हड़कंप मच गया. लोग डर के मारे इधर-उधर भागने लगे. अस्पताल का पूरा माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया. हालांकि बाद में लोगों को पता चला कि सांप मरा हुआ है और डिब्बे में सुरक्षित है, तब जाकर सबका डर कम हुआ.
फिलहाल बेहतर है शिवम की स्थिति
गनीमत रही कि समय रहते शिवम को एंटी वेनम इंजेक्शन मिल गया. वर्तमान में उसका इलाज इमरजेंसी वार्ड में चल रहा है और डॉक्टरों के अनुसार अब उसकी स्थिति खतरे से बाहर है. गोपालगंज में मानसून के साथ ही सर्पदंश के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. जिला प्रशासन ने सभी स्वास्थ्य केंद्रों को एंटी वेनम इंजेक्शन का पर्याप्त स्टॉक रखने के निर्देश दिए हैं ताकि समय रहते लोगों की जान बचाई जा सके.
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