क्यों नाराज हैं जीतन राम मांझी? घर पहुंचे BJP प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान, सिर्फ 15 मिनट चली बैठक

जीतन राम मांझी की नाराजगी की वजह उनकी उम्मीद से कम सीटें मिलने को कहा जा रहा है. जीतन राम मांझी बार-बार यह कह चुके हैं कि उनकी पार्टी को राज्य स्तरीय पार्टी का दर्जा प्राप्त करना है.

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केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी.
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  • बिहार विधानसभा चुनाव के लिए BJP ने सीट शेयरिंग फॉर्मूले को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया तेज कर दी है.
  • BJP के नेताओं ने रविवार को सहयोगी दलों के नेताओं से मुलाकात कर सीटों के बंटवारे पर चर्चा की है.
  • जीतन राम मांझी को उनके पार्टी के लिए 7 सीटें मिली हैं, जबकि उन्होंने दस सीटों की मांग की थी.
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पटना:

Bihar Assembly elections 2025: बिहार विधानसभा चुनाव के लिए सीट शेयरिंग फाइनल करने का काम अब तेजी से होता हुआ नजर आ रहा है. रविवार को बीजेपी के बिहार चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान, विनोद तावड़े और डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने कई सहयोगी दलों के नेताओं से ही मुलाकात की. इसी कड़ी में बीजेपी के इन नेताओं की मुलाकात केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी से भी हुई. लेकिन मांझी के घर पर हुई इन नेताओं की मुलाकात बहुत छोटी रही. इस मुलाकात के बाद जीतन राम मांझी नाराज बताए जा रहे हैं.

मिली जानकारी के अनुसार सीट शेयरिंग का फॉर्मूला लेकर बीजेपी के नेता रविवार को सबसे पहले ललन सिंह से मिले. उसके बाद मांझी के आवास पहुंचे. लेकिन धर्मेंद्र प्रधान के सीट शेयरिंग फॉर्मूले से मांझी नाराज हो गए हैं.

15 मिनट चली मीटिंग, मीटिंग से बीजेपी नेताओं ने बनाई दूरी

मांझी से घर पर इन नेताओं की मुलाकात का दौर मात्र 15 मिनट में समाप्त हो गया. इस मुलाकात के बाद मांझी आवास से निकलते समय बीजेपी नेताओं से मीडिया से कोई बात नहीं की. इधर सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जीतन राम मांझी की 7 सीटें तय हो गई है.

एनडीए में जीतन राम मांझी की 7 सीटें तय

धर्मेंद्र प्रधान और जीतन राम मांझी की मुलाकात में सीटों पर बात हुई. जीतन राम मांझी की पार्टी हम को 10 सीटें मिल सकती हैं, इनमें 7 सीटें तय हो गई हैं. मांझी ने 22 सीटों की लिस्ट भाजपा को दी थी, फिलहाल 7 पर अंतिम सहमति बन चुकी है. यह सीटें हैं - कुटुंबा, इमामगंज, टेकारी, बाराचट्टी, कसबा, जहानाबाद, सिकंदरा.

जीतन राम मांझी की नाराजगी की वजह

जीतन राम मांझी की नाराजगी की वजह उनकी उम्मीद से कम सीटें मिलने को कहा जा रहा है. जीतन राम मांझी बार-बार यह कह चुके हैं कि उनकी पार्टी को राज्य स्तरीय पार्टी का दर्जा प्राप्त करना है. इसलिए उनकी पार्टी को 8 विधायक अथवा 6 फीसदी वोट चाहिए. ऐसे में वो एक दर्जन से अधिक सीटों पर दावा ठोक रहे हैं.

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उपेंद्र कुशवाहा के साथ भी बीजेपी नेताओं की बैठक

उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के साथ बैठक पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा, "हमने सीट बंटवारे के बारे में बातचीत की और जल्द ही सीटों का बंटवारा हो जाएगा और सब ठीक है." जीतन राम मांझी के बाद बिहार बीजेपी चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान उपेंद्र कुशवाहा के आवास पहुंचे. उनके साथ बिहार भाजपा प्रभारी विनोद तावड़े भी थे. बंद कमरे में उपेंद्र कुशवाहा से सीट शेयरिंग पर बातचीत चल रही है.

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