- बिहार के औरंगाबाद में चाचा ने तीन भतीजे-भतीजी को कटर से काटकर उनकी हत्या कर दी
- आरोपी चाचा अमंत पाल ने दरवाजा खोलने में देरी के बाद गुस्से में आकर यह क्रूर कांड अंजाम दिया है
- घटना के बाद आरोपी ने खुद भी गला काटकर आत्महत्या की कोशिश की, हालत गंभीर होने पर पटना रेफर किया गया है
बिहार के औरंगाबाद से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. एक चाचा ने अपने 3 भतीजे-भतीजियों को कटर से काटकर मौत के घाट उतार दिया. चाचा की क्रूरता तो देखिए मासूम बच्चों की हत्या के समय उसने फुल साउंड में गाना बजाया और सभी बच्चों को एक-एक कर काटता गया. आप सोच रहे होंगे कि आखिर ऐसा क्या हुआ जो चचा अपने ही भतीजे-भतीजी का कातिल बन बैठा. तो बता दें बात सिर्फ इतनी सी थी कि बच्चों ने दरवाजा खोलने में थोड़ी देर कर दी थी. इस वजह से चाचा इतना ज्यादा भड़क गया कि बच्चों को इसकी कीमत जान देकर चुकानी पड़ी.
चाचा ने तीन बच्चों को कटर से काट दिया
हैरानी की बात यह है कि इसके बाद सनकी चाचा ने खुद भी गला काटकर सुसाइड की कोशिश की. उसकी हालत भी फिलहाल गंभीर बनी हुई है. घटना औरंगाबाद के हसपुरा थाना क्षेत्र की है.मृतक बच्चों की पहचान गुड्डू पाल के 10 साल के बेटे अनीश कुमार, 7 साल के आयुष कुमार और 5 साल की अनुष्का कुमारी के रूप में हुई है.
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आखिर बच्चों की हत्या की वजह क्या है?
इस घटना की मुख्य वजह महज दरवाजा खोलने में देरी तो नहीं हो सकती. मामला जरूर कुछ और है. आरोपी चाचा अमंत पाल ने इतनी बड़ी घटना को क्यों अंजाम दिया, इसकी स्पष्ट जानकारी फिलहाल सामने नहीं आ सकी है. पुलिस जांच के बाद ही सच सामने आ सकेगा. बताया जा रहा है कि आरोपी की अभी शादी नहीं हुई है.
फुल साउंड में स्पीकर बजाकर रेता बच्चों का गला
आरोपी चाचा शुक्रवार सुबह घर से बाइक पर सवार होकर कहीं निकला था. जब वह घर वापस पहुंचा तो दरवाजा खटखटाया. उसकी भाभी अनीता देवी बाथरूम में थी. जिस वजह से दरवाजा खोलने में देरी हो गई. दरवाजा खोलने के बाद वह घर में घुसा और फुल साउंड में स्पीकर बजाकर कटर मशीन से तीनों बच्चों का बारी-बारी से गला रेतकर हत्या कर दी. इसके बाद खुद का भी गला काट लिया. इस घटना से सिर्फ परिवार ही नहीं मोहल्ले में हड़कंप मच गया है.
आरोपी की हालत गंभीर, पटना रेफर
मृतक बच्चों का पिता गुड्डू ट्रेन पैंट्री कार में खाना बनाने का काम करता है. जानकारी के अनुसार, तीनों बच्चों के शव एक कमरे से मिले. बच्चों की बॉडी एक साथ ही पड़ी थीं. तीनों के गले पर गंभीर घाव थे. कमरे में चारों ओर खून बिखरा है. पास ही चाचा भी पड़ा था. उसके भी गले से खून निकल रहा था. मौके पर पहुंचे लोगों ने सभी को खून से लथपथ देखा. इसके बाद पता चला कि चाचा की सांस चल रही है. लोगों ने एंबुलेंस को कॉल कर उसे हायर सेंटर भेजा. हालत गंभीर देखते हुए उसे पटना रेफर कर दिया गया.
इनपुट- आदित्य कुमार की रिपोर्ट













