- वेंकटा नरसमांबा वासमसेट्टी को अमेरिका में हिरासत में लिया गया, जबकि पहले एक जज ने उन्हें निर्वासन से बचाया था
- वासमसेट्टी 2013 से अमेरिका की कानूनी स्थायी निवासी हैं और उनके पास ग्रीन कार्ड है, कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है
- US सरकार का आरोप- भारत में लंबी अवधि तक रहने के कारण उन्होंने अमेरिका में स्थायी निवास का इरादा छोड़ दिया था
अमेरिका में पिछले 27 साल से रह रही भारतीय मूल की एक महिला को अमेरिकी इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) ने हिरासत में ले लिया है. इनका नाम वेंकटा नरसमांबा वासमसेट्टी है और उनके पास ग्रीन कार्ड है. खास बात यह है कि कुछ महीने पहले ही एक इमिग्रेशन जज ने उन्हें अमेरिका से निकालने की सरकार की कोशिश को खारिज कर दिया था. लेकिन इसके बावजूद अब उन्हें हिरासत में ले लिया गया है.
वेंकटा नरसमांबा वासमसेट्टी दो बच्चों की दादी हैं. वह 2013 से अमेरिका की कानूनी स्थायी निवासी यानी LPR हैं. 11 अगस्त को ICE के साथ तय मुलाकात के दौरान उन्हें हिरासत में ले लिया गया. ICE एजेंट्स का मुख्य काम अमेरिका में बिना वैध डॉक्यूमेंट या अवैध रूप से रह रहे लोगों की पहचान करना और उन्हें हिरासत में लेना है.
वासमसेट्टी पर क्या आरोप हैं?
रिपोर्ट के मुताबिक, वासमसेट्टी के इमिग्रेशन स्टेटस पर मामला तब शुरू हुआ जब अमेरिकी सरकार ने आरोप लगाया कि 2022 में कई महीनों तक भारत में रहने के कारण उन्होंने अपना कानूनी स्थायी निवासी का दर्जा छोड़ दिया था. हालांकि, उनके परिवार और वकील का कहना है कि वासमसेट्टी भारत में इसलिए लंबे समय तक रुकी थीं क्योंकि वह बीमार माता-पिता की देखभाल कर रही थीं और कोविड-19 से ठीक हो रही थीं. उनका यह भी कहना है कि वासमसेट्टी का अमेरिका से मजबूत जुड़ाव है. उनका परिवार, नौकरी और घर सभी अमेरिका में हैं.
कानून क्या कहता है?
LPR यानी कानूनी स्थायी निवासियों को अमेरिका में स्थायी रूप से रहने की अनुमति होती है. लेकिन कुछ मामलों में ग्रीन कार्ड रखने वालों के खिलाफ भी अमेरिकी इमिग्रेशन कानून के तहत निर्वासन की कार्रवाई हो सकती है. ऐसी ही एक स्थिति तब बन सकती है, जब कोई स्थायी निवासी 6 महीने से ज्यादा समय तक अमेरिका से बाहर रहे. ऐसी स्थिति में यह सवाल उठ सकता है कि क्या उसने अमेरिका में अपना स्थायी निवास छोड़ने का इरादा बना लिया था या नहीं.
कौन हैं वेंकटा वासमसेट्टी?
इमिग्रेशन वकील जो विल्सन की लिंक्डइन पोस्ट के मुताबिक, वासमसेट्टी पिछले 27 साल से अमेरिका में रह रही हैं और नॉर्थ कैरोलिना में विशेष जरूरत वाले बच्चों को पढ़ाने वाली टीचर के तौर पर काम करती रही हैं. जो विल्सन, वासमसेट्टी की बेटी यशस्विनी वासमसेट्टी की दोस्त और पूर्व कलिग हैं. यशस्विनी खुद रोजगार आधारित इमिग्रेशन की वकील हैं और टेक्सास व न्यू जर्सी में वकालत करने के लिए लाइसेंस प्राप्त हैं.
विल्सन ने लिखा, "वह 2013 से कानूनी स्थायी निवासी और ग्रीन कार्ड होल्डर हैं. उनका कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है. वह सरकारी स्कूल की शिक्षिका हैं और मुख्य रूप से विशेष जरूरत वाले बच्चों के साथ काम करती हैं. वह अमेरिका के दो नागरिक बच्चों की मां हैं. उनके दो पोते-पोतियां भी अमेरिकी नागरिक हैं. उनका घर, परिवार, करियर और पूरी जिंदगी अमेरिका में है और पिछले 27 साल से यहीं है."
विल्सन ने यह भी बताया कि वासमसेट्टी को "गंभीर डायबिटीज" है और उन्हें लगातार ब्लड शुगर की जांच और इलाज की जरूरत होती है.