अमेरिका के 25 प्रतिशत टैरिफ को चीनी वाणिज्य मंत्रालय ने बताया एकतरफा कार्रवाई

हे योंगछ्यैन ने कहा कि चीन अमेरिका के संबंधित विभाग के साथ संपर्क में है. चीन हमेशा इस बात की वकालत करता है कि चीन और अमेरिका को आर्थिक और व्यापारिक क्षेत्रों में मतभेदों और विवादों के प्रति सक्रिय सहयोग का रवैया अपनाना चाहिए,

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अमेरिका द्वारा आयातित स्टील और एल्यूमीनियम पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने की हालिया नीति के प्रभावी होने पर चीनी वाणिज्य मंत्रालय के प्रवक्ता हे योंगछ्यैन ने 13 मार्च को जवाब दिया कि चीन हमेशा से मानता रहा है कि अमेरिका की धारा 232 "राष्ट्रीय सुरक्षा" के नाम पर लागू की गई एकतरफा और संरक्षणवादी कार्रवाई है. चीन कई अन्य देशों के साथ मिलकर इस कार्रवाई का कड़ा विरोध व्यक्त करता और अमेरिका से स्टील और एल्युमीनियम पर धारा 232 को जल्द से जल्द रद्द करने का आग्रह करता है.

उसी दिन वाणिज्य मंत्रालय द्वारा आयोजित नियमित प्रेस कॉन्फ्रेंस में, हे योंगछ्यैन ने कहा कि डब्ल्यूटीओ विवाद निपटान निकाय ने फैसला सुनाया है कि 301 टैरिफ और 232 टैरिफ दोनों बहुपक्षीय व्यापार नियमों का उल्लंघन करते हैं.

इन टैरिफों से न तो तथाकथित "राष्ट्रीय सुरक्षा" को मदद मिलेगी और न ही अमेरिका के घरेलू उद्योगों को बचाया जा सकेगा. यह केवल अमेरिकी उपायों की एकतरफावाद, संरक्षणवाद और धौंस को उजागर करेगा.

हे योंगछ्यैन ने कहा कि चीन अमेरिका के संबंधित विभाग के साथ संपर्क में है. चीन हमेशा इस बात की वकालत करता है कि चीन और अमेरिका को आर्थिक और व्यापारिक क्षेत्रों में मतभेदों और विवादों के प्रति सक्रिय सहयोग का रवैया अपनाना चाहिए, और समानतापूर्ण वार्ता से दोनों पक्षों के लिए स्वीकार्य समाधान तलाशना चाहिए. लेकिन इस बात पर ज़ोर देना चाहिए कि किसी भी तरह के संवाद और परामर्श को आपसी सम्मान, समानता और आपसी लाभ पर आधारित होना चाहिए. धमकी और दबाव से सिर्फ़ उल्टा असर पड़ेगा.
 

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