'विश्वास' के संकट से घिरी आप

कवियों को राजनीति से समस्या हो ही जाती है, इसलिए जब आप किसी कवि के साथ राजनीति करें तो उसका विशेष ख़्याल रखें। कोई पहली बार नहीं है जब मीडिया में कुमार विश्वास के आप से अलग होकर बीजेपी में चले जाने की अटकलें चल रही हैं। बल्कि इन अटकलों से कुमार का नुकसान ही होता है। बीजेपी में जाने की अटकलें कुमार को उन साधारण नेताओं की पंक्ति में ला देती हैं जो बहुत पहले आप से बीजेपी में जा चुके हैं और अपने वजूद की तलाश कर रहे हैं.

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