Sitapur Durga Mandir: उत्तर प्रदेश के सीतापुर शहर के चुंगी चौराहे पर स्थित करीब 25 साल पुराने दुर्गा मंदिर को तोड़ दिया गया. इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी है. यह पूरा मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है, जहां सड़क चौड़ीकरण परियोजना के चलते प्रशासन ने यह अहम फैसला लिया है.
दरअसल, कैप्टन मनोज पांडे चौक पर करीब 3 करोड़ रुपये की लागत से सड़क चौड़ीकरण का कार्य चल रहा है. इसी के दायरे में चौराहे से लगभग 10 मीटर की दूरी पर बने 25 साल पुराने दुर्गा मंदिर को हटाने की जरूरत पड़ी. प्रशासन का कहना है कि विकास कार्यों को गति देने के लिए यह कदम जरूरी है.
नायब तहसीलदार ने खुद उठाई छेनी-हथौड़ी
रविवार 29 मार्च को प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची. नायब तहसीलदार महेंद्र तिवारी ने खुद छेनी-हथौड़ी उठाकर मंदिर में स्थापित मूर्तियों को हटाने की प्रक्रिया शुरू की. इस दौरान एक भावुक दृश्य भी देखने को मिला, जब एसडीएम सदर दामिनी एम. दास हाथ जोड़कर मंदिर के सामने खड़ी नजर आईं.
दो दिन में हटाई जाएंगी मूर्तियां
प्रशासन के अनुसार, मूर्तियों को पूरी विधि-विधान के साथ दो दिनों के भीतर नए स्थान पर स्थापित किया जाएगा. इसके बाद मंदिर के मौजूदा ढांचे को हटाकर सड़क चौड़ीकरण का काम आगे बढ़ाया जाएगा. कार्रवाई के दौरान एडीएम नीतीश कुमार सिंह, एसडीएम दामिनी एम. दास सहित भारी पुलिस बल मौके पर मौजूद रहा. इससे किसी भी तरह की कानून-व्यवस्था की स्थिति न बिगड़े. एडीएम नीतीश सिंह ने बताया कि यह निर्णय मंदिर के पुजारी और अधिकांश स्थानीय लोगों की सहमति के बाद ही लिया गया है.
खरमास समाप्त होने पर नहीं दिया ध्यान
हालांकि, इस कार्रवाई को लेकर कुछ स्थानीय लोगों में नाराजगी भी देखी गई. स्थानीय निवासी अखिलेश पांडेय का कहना है कि उन्होंने प्रशासन से कुछ दिनों की मोहलत मांगी थी, ताकि खरमास समाप्त होने के बाद मूर्तियों का स्थानांतरण किया जा सके, लेकिन उनकी मांग पर ध्यान नहीं दिया गया. प्रशासन क्षेत्र में शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए पूरी सतर्कता बरत रहा है.














