कई स्मार्टफोन में ये दिक्कत आती है कि नॉर्मल ऐप्स चलाने के बावजूद भी, स्क्रीन पर ऐड्स बार-बार आते हैं. यानी फोन इस्तेमाल करते समय अचानक स्क्रीन पर ऐड्स पॉप-अप हो जाते हैं. या फिर नोटिफिकेशन आते है या तो फुल-स्क्रीन पर ही प्रमोशनल मैसेज आ जाता है. ऐसे ऐड्स स्मार्टफोन चलाने का मज़ा किरकिरा करते हैं. अगर गलती से ऐड पर क्लिक हो जाए तो बार-बार वही विज्ञापन स्क्रीन पर लंबे समय के लिए परेशान करते हैं. अगर आप भी इसी परेशानी से जूझ रहे हैं तो चलिए आपको एक ट्रिक बताते हैं.
कैसे पाएं इन Ads से छुटकारा?
Android स्मार्टफोन में एक खास और छिपी हुई सेटिंग मौजूद होती है, जिसकी मदद से ज्यादातर विज्ञापनों को ब्लॉक किया जा सकता है. इस सेटिंग का नाम Private DNS है, जिसे DNS-over-TLS भी कहा जाता है. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे ऑन करने के बाद आपको किसी भी अलग ऐप की जरूरत नहीं पड़ती और फोन में मौजूद कई ऐप्स व ब्राउजर में आने वाले ऐड्स अपने-आप बंद हो जाते हैं.
ये Private DNS क्या है?
Private DNS असल में इंटरनेट कनेक्शन को ज्यादा सुरक्षित और क्लीन बनाने का तरीका है. जब आप किसी वेबसाइट या ऐप को खोलते हैं, तो DNS आपके फोन को सही सर्वर से जोड़ता है. Private DNS के जरिए जब आप dns.adguard.com जैसे एड-ब्लॉकिंग DNS का इस्तेमाल करते हैं, तो विज्ञापन से जुड़े कई सर्वर पहले ही ब्लॉक हो जाते हैं. इसका नतीजा यह होता है कि ऐड्स आपकी स्क्रीन पर दिखाई देना बंद हो जाते हैं.
Android फोन में Private DNS कैसे करें On?
सबसे पहले अपने फोन की Settings में जाएं. इसके बाद Network & Internet या Connection & Sharing जैसे ऑप्शन में जाकर Private DNS को चुनना होता है. आमतौर पर यह सेटिंग Automatic या Off पर रहती है, जिसे बदलकर आपको Private DNS Provider Hostname पर सेट करना होता है. यहां dns.adguard.com या dns.adguard-dns.com टाइप करके सेव कर देने से यह फीचर एक्टिव हो जाता है. सेटिंग ऑन होते ही आपके फोन के ब्राउजर और कई ऐप्स में दिखने वाले ज्यादातर विज्ञापन बंद हो जाते हैं.
लेकिन हो सकता है dns.adguard.com का इस्तेमाल करने पर कुछ वेबसाइट्स या ऐप्स की स्पीड कभी-कभी थोड़ी कम महसूस हो. हालांकि यह ध्यान रखना जरूरी है कि यह ट्रिक YouTube पर दिखने वाले वीडियो ऐड्स को ब्लॉक नहीं कर पाती, क्योंकि यूट्यूब के विज्ञापन सीधे उसके अपने सर्वर से आते हैं.














