Meta ने एक बड़ा फैसला लिया है कि वो अप्रैल 2026 से अपनी अलग मैंसेजर वेबसाइट messenger.com को बंद करने जा रही है. इसका मतलब यह है कि यूज़र्स अब सीधे Messenger वेबसाइट पर जाकर चैट नहीं कर पाएंगे. लेकिन आप घबराइए मत, क्योंकि अभी भी आप फेसबुक पर मैसेज के जरिए बात कर पाएंगे वो भी डायरेक्ट फेसबुक से ही. यानी वेब ब्राउज़र से चैट करने वाले लोगों को अब Facebook के मैसेज सेक्शन पर भेज दिया जाएगा. आसान भाषा में समझें तो अब Facebook के मैसेज facebook.com/messages से किए जा सकेंगे.
बिना Facebook अकाउंट वाले यूज़र्स पर असर
जो लोग Facebook अकाउंट बंद कर चुके हैं लेकिन Messenger वेबसाइट के जरिए चैट करते थे, उनके लिए यह बदलाव थोड़ा मुश्किल हो सकता है. क्योंकि अब वे वेब पर चैट नहीं कर पाएंगे. उन्हें अब सिर्फ मोबाइल ऐप का सहारा लेना होगा. अच्छी बात यह है कि बदलाव के बावजूद आपकी पुरानी चैट हिस्ट्री सुरक्षित रहेगी. अगर किसी ने Messenger के सिक्योर बैकअप के दौरान PIN बनाया था, तो वह अपनी चैट हिस्ट्री दोबारा पा सकता है. अगर PIN भूल गए हैं, तो उसे रीसेट करने का ऑप्शन भी दिया जाएगा.
इससे पहले Meta ने Windows और Mac के लिए अलग Messenger डेस्कटॉप ऐप भी बंद कर दिए थे. उस समय भी यूज़र्स को Facebook के वेब इंटरफेस पर शिफ्ट किया गया था. तभी से यह संकेत मिल गया था कि Messenger की अलग वेबसाइट भी भविष्य में बंद हो सकती है.
Messenger की शुरुआत 2008 में Facebook Chat के रूप में हुई थी. बाद में 2011 में इसे अलग ऐप बना दिया गया. 2014 में Facebook ने अपने मुख्य मोबाइल ऐप से मैसेजिंग फीचर हटा दिया था ताकि लोग Messenger ऐप डाउनलोड करें. लेकिन पिछले कुछ सालों में कंपनी की रणनीति बदली. 2023 में Facebook ने Messenger के कई फीचर्स को फिर से अपने मुख्य ऐप में जोड़ना शुरू किया. इससे साफ है कि कंपनी अब अलग-अलग प्लेटफॉर्म चलाने के बजाय एक ही सिस्टम को मजबूत बनाना चाहती है.














