हनुमान बाहुक करने के लाभ
हनुमान बाहुक तुलसीदास जी द्वारा रचित एक स्तुति है, जो स्वास्थ्य समस्याओं को दूर करने में अचूक मानी जाती है.
-
हनुमान बाहुक तुलसीदास जी द्वारा रचित एक स्तुति है, जो स्वास्थ्य समस्याओं को दूर करने में अचूक मानी जाती है. Pic Credit- Pexels -
कहा जाता है कि तुलसीदास जी को एक गंभीर बीमारी ने जकड़ लिया था, तब उन्होंने पवनपुत्र हनुमान के निमित्त हनुमान बाहुक पाठ की रचना की थी. Pic Credit- Pexels -
जिस व्यक्ति को कोई शारीरिक पीड़ा या दर्द रहता है तो उन्हें हनुमान बाहुक का पाठ करने से लाभ मिल सकता है.Pic Credit- Pexels -
गठिया, सिरदर्द, जोड़ों का दर्द आदि दर्द हैं, तो जल का पात्र सामने रखकर हनुमान बाहुक का 21 दिनों तक पाठ करें. Pic Credit- Pexels -
प्रतिदिन उस जल को पीकर दूसरे दिन दूसरा जल रखना है. इससे सभी रोग दूर हो जाते हैं. Pic Credit- Pexels -
यदि जीवन में रुके काम हैं या कोई इच्छा पूरी नहीं हो रही, तब भी हनुमान बाहुक का पाठ करना लाभदायक सिद्ध होता है.Pic Credit- Pexels -
हनुमान बाहुक का पाठ करने से पहले भगवान श्रीराम का ध्यान करना ना भूलें. Pic Credit- Pexels
Advertisement
Advertisement
Advertisement