केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को सीहोर जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट परिसर के जिला पंचायत सभागार में जिला विकास समन्वय और निगरानी समिति (दिशा) की बैठक ली.
बैठक में उन्होंने विभिन्न विकास योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कई अहम निर्देश दिए. उन्होंने विशेष रूप से Pradhan Mantri Gram Sadak Yojana, Pradhan Mantri Awas Yojana और वन भूमि पर पट्टों से जुड़े मामलों की प्रगति की जानकारी ली तथा कार्यों को तेज करने के निर्देश दिए.
गैस सिलेंडर की किल्लत पर दिया भरोसा
बैठक के दौरान जिले में घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कमी और गैस एजेंसियों पर लग रही लंबी कतारों का मुद्दा भी उठा. इस पर केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि देशवासियों को एलपीजी संकट को लेकर चिंता करने की जरूरत नहीं है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि भारत सरकार आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है और जल्द ही स्थिति सामान्य हो जाएगी.
गरीबों के हित में बड़ा संदेश: घर मत तोड़ो, पट्टा दो
बैठक के दौरान शिवराज सिंह चौहान प्रधानमंत्री आवास योजना और ग्रामीण विकास की समीक्षा करते हुए भावुक नजर आए. उन्होंने अधिकारियों से साफ कहा कि यदि किसी गरीब के पास जमीन का पट्टा नहीं है तो उसे अपात्र घोषित करने के बजाय उसे पट्टा देने की कोशिश की जाए. उन्होंने निर्देश दिया कि किसी भी गरीब का घर न तोड़ा जाए. उन्होंने कहा कि भगवान ने यह धरती सभी के लिए बनाई है और सरकार का लक्ष्य है कि हर पात्र व्यक्ति को आवास योजना का लाभ मिले.
भीषण गर्मी की आशंका, जल संकट से निपटने के निर्देश
बैठक में वन विभाग, शहरी विकास और ग्रामीण विकास योजनाओं की भी समीक्षा की गई. मंत्री ने आशंका जताई कि इस बार गर्मी काफी भीषण पड़ सकती है. ऐसे में प्रशासन को अभी से तैयार रहने और पीने के पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए. जल योजनाओं और पेयजल व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा भी की गई.
प्रशासन और जनप्रतिनिधियों में बेहतर तालमेल जरूरी
बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री ने अधिकारियों को नसीहत दी कि विकास कार्यों में जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच बेहतर तालमेल होना चाहिए. उन्होंने कहा कि यदि दोनों के बीच समन्वय नहीं होगा तो जनप्रतिनिधियों को योजनाओं की जमीनी हकीकत और प्रगति की सही जानकारी नहीं मिल पाएगी.














