Jatin Shukla FIR Indore: सोशल मीडिया पर बयानबाज़ी अब कानून के दायरे में आ गई है. इंदौर सांसद को लेकर की गई एक आपत्तिजनक टिप्पणी के बाद जैसे ही FIR दर्ज हुई, वैसे ही सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर जतिन शुक्ला का नया वीडियो सामने आ गया. इस वीडियो में उन्होंने न सिर्फ अपनी सफाई दी, बल्कि इंदौर आने को लेकर बयान भी दे दिया. मामला अब सोशल मीडिया से निकलकर पुलिस जांच तक पहुंच चुका है.
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, पूरा विवाद इंदौर के सांसद शंकर लालवानी को लेकर इंस्टाग्राम पर की गई टिप्पणी से शुरू हुआ. आरोप है कि उत्तर प्रदेश के रहने वाले सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर जतिन शुक्ला ने सांसद के खिलाफ अभद्र और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया. यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ, जिसके बाद मामला तूल पकड़ने लगा.
क्राइम ब्रांच में दर्ज हुई शिकायत
मामले की जानकारी मिलते ही सांसद प्रतिनिधि विशाल गिदवानी इंदौर क्राइम ब्रांच पहुंचे और औपचारिक शिकायत दर्ज कराई. शिकायत में कहा गया कि सांसद की छवि को नुकसान पहुंचाने वाली टिप्पणी जानबूझकर की गई है. शिकायत के साथ सोशल मीडिया पर डाले गए वीडियो और स्क्रीनशॉट भी पुलिस को सौंपे गए.
किन धाराओं में दर्ज हुआ केस
पुलिस ने प्रारंभिक जांच के बाद जतिन शुक्ला के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 और 352 के तहत प्रकरण दर्ज किया है. क्राइम ब्रांच का कहना है कि मामले की जांच जारी है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
FIR के बाद जतिन शुक्ला की प्रतिक्रिया
FIR दर्ज होने के बाद जतिन शुक्ला ने एक नया वीडियो जारी किया. इसमें उन्होंने कहा कि अगर कोई सवाल पूछेगा, तो उसके खिलाफ एकतरफा मामला दर्ज कर दिया जाएगा. उन्होंने आरोप लगाया कि यह शिकायत सांसद प्रतिनिधि के दबाव में करवाई गई है.
दूषित पानी के मामले को बताया वजह
अपने वीडियो में जतिन शुक्ला ने कहा कि इंदौर में कुछ दिन पहले दूषित पानी पीने से बीमारियों के मामले सामने आए थे. इसी मुद्दे पर उन्होंने सांसद पर “व्यंग्यात्मक और हास्यात्मक” वीडियो बनाया था. उनका कहना है कि उनकी मंशा किसी का अपमान करने की नहीं थी.
इंदौर आने को लेकर बयान
जतिन शुक्ला ने वीडियो में कहा, “आप लोगों का प्यार और आशीर्वाद बना रहा तो सब ठीक होगा. इंदौर के दोस्तों, अब तो आना ही पड़ेगा. फूल बरसाना है या जूता मारना, ये आपके हाथ में है.” इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर फिर से बहस तेज हो गई.
पुलिस का आधिकारिक बयान
क्राइम ब्रांच इंदौर के एडिशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया ने बताया कि शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है. जांच के दौरान सभी पहलुओं को देखा जाएगा और कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी.














