Smart Kids Activities: हर माता-पिता चाहते हैं कि उनका बच्चा पढ़ाई में तेज हो, दिमाग से फुर्तीला बने और आगे चलकर जिंदगी में सफल इंसान बने. इसी चाह में हम अच्छे स्कूल, कोचिंग क्लास और एक्टिविटी सेंटर पर मोटी रकम खर्च कर देते हैं. लेकिन, अक्सर हम एक बहुत जरूरी और आसान बात को नजरअंदाज कर देते हैं. घर के छोटे-छोटे काम. भले ही इन कामों के नंबर बच्चे के रिपोर्ट कार्ड में न जुड़ें, लेकिन जीवन की असली परीक्षा में यही आदतें बच्चे को मजबूत, समझदार और आत्मनिर्भर बनाती हैं. आज के समय में बच्चों को हर सुविधा तो मिल रही है, लेकिन जिम्मेदारियां बहुत कम. ऐसे में उनका दिमाग सिर्फ किताबों तक सीमित रह जाता है. जबकि रोजमर्रा के घरेलू काम बच्चों को असली दुनिया से जोड़ते हैं और उनका मानसिक विकास तेजी से करते हैं.
घरेलू काम से बच्चों का दिमाग क्यों तेज होता है? | Why Does Doing Household Chores Make Children's Brains Sharper?
सोशल मीडिया पर ड्रू कैनोले नाम के एक व्यक्ति ने एक वीडियो में बताया कि बच्चों को स्मार्ट बनाने के लिए सिर्फ अच्छे मार्क्स या महंगे स्कूल जरूरी नहीं हैं. उनका कहना है कि अगर बच्चे रोजाना कुछ घरेलू काम करें, तो उनका दिमाग अपने-आप एक्टिव और शार्प रहने लगता है. जब बच्चे कुत्ते को खाना खिलाते हैं, फर्श की सफाई करते हैं, घर के शीशे पोंछते हैं या अपने कमरे को व्यवस्थित करते हैं, तो वे सिर्फ काम नहीं कर रहे होते वे सोचना, समझना और योजना बनाना सीख रहे होते हैं.
ब्रेन डेवलपमेंट में कैसे मदद करते हैं घरेलू काम?
- प्लानिंग स्किल्स बढ़ती हैं: कौन-सा काम पहले करना है और कौन-सा बाद में यह सोच बच्चों को स्ट्रैटेजिक बनाती है.
- फोकस और एकाग्रता मजबूत होती है: सफाई, खाना बनाना या पौधों की देखभाल जैसे कामों में ध्यान देना जरूरी होता है.
- मेमोरी पावर बढ़ती है: काम के स्टेप्स याद रखना, चीज़ों की जगह याद रखना बच्चों की याददाश्त को तेज करता है.
- प्रॉब्लम सॉल्विंग स्किल्स विकसित होती हैं: अगर कोई चीज गिर जाए या काम में गलती हो जाए, तो बच्चा खुद समाधान ढूंढना सीखता है.
कौन-से घरेलू काम बच्चों के लिए अच्छे हैं?
बच्चों की उम्र के हिसाब से उन्हें ये काम दिए जा सकते हैं:
1. अपना बिस्तर लगाना.
2. खिलौने और किताबें सही जगह रखना.
3. सब्जी धोना या सलाद बनाना.
4. पौधों को पानी देना.
5. झाड़ू या पोंछा लगाने में मदद करना.
इन कामों से बच्चे इंडिपेंडेंट, जिम्मेदार और अनुशासित बनते हैं. साथ ही उन्हें टाइम मैनेजमेंट और मेहनत की अहमियत भी समझ आती है.
अगर आप चाहते हैं कि आपका बच्चा सिर्फ पढ़ाई में नहीं, बल्कि जिंदगी में भी आगे बढ़े, तो उसे घरेलू कामों से दूर न रखें. ये छोटे-छोटे काम बच्चों को अंदर से मजबूत बनाते हैं और उनका दिमाग तेज करने में बड़ी भूमिका निभाते हैं.