अरविंद केजरीवाल पर जर्मनी की टिप्पणी पर इस वजह से भारत ने जताया था कड़ा विरोध

जर्मन दूत जॉर्ज एनजवीलर को विदेश मंत्रालय के अधिकारियों ने तलब किया और बताया कि केजरीवाल की गिरफ्तारी पर जर्मन विदेश मंत्रालय की टिप्पणी भारत की न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप है.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
भारत ने केजरीवाल की गिरफ्तारी पर टिप्पणी को लेकर जर्मनी दूतावास के उप प्रमुख को तलब किया था
नई दिल्ली:

भारत ने दिल्ली शराब नीति मामले में अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी पर जर्मनी की टिप्पणी को "पक्षपातपूर्ण और अनुचित" करार दिया है. दरअसल जर्मनी के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने केजरीवाल की गिरफ्तारी का संज्ञान लिया था. जर्मन विदेश मंत्रालय की तरफ से कहा गया था कि भारत में विपक्ष के एक बड़े राजनीतिक चेहरे को चुनाव से कुछ दिन पहले गिरफ्तार कर लिया गया है. विपक्ष इसे राजनीतिक प्रतिशोध के रूप में देख रहा है. 

उन्होंने कहा कि भारत एक लोकतंत्रिक देश है. हम उन मानकों में विश्वास रखते हैं और उम्मीद करते हैं कि न्यायपालिका की स्वतंत्रता और बुनियादी लोकतांत्रिक मूल्य से संबंधित सिद्धांत भी इस केस में मामले में लागू किए जाएंगे.

जर्मनी की टिप्पणी पर भारत ने शनिवार को जर्मन दूतावास के उप प्रमुख को तलब किया और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी पर जर्मनी के विदेश मंत्रालय की टिप्पणी के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया. विदेश मंत्रालय ने कहा कि जर्मन दूत जॉर्ज एनजवीलर को विदेश मंत्रालय के अधिकारियों ने तलब किया और बताया कि केजरीवाल की गिरफ्तारी पर जर्मन विदेश मंत्रालय की टिप्पणी भारत की न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप है. मंत्रालय ने कहा कि कोई भी ‘पूर्वाग्रह वाली पूर्वधारणा' बिल्कुल अवांछित है.

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, ‘‘नयी दिल्ली में जर्मनी के दूतावास के उप प्रमुख को आज तलब किया गया और हमारे आंतरिक मामलों पर उनके विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता की टिप्पणी पर भारत के कड़े विरोध से अवगत कराया गया.''

उन्होंने कहा, ‘‘हम इस तरह की टिप्पणियों को हमारी न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप और हमारी न्यायपालिका की स्वतंत्रता को कमतर करने के रूप में देखते हैं.''

जायसवाल ने कहा, ‘‘भारत एक जीवंत और कानून का शासन वाला मजबूत लोकतंत्र है. जैसा कि देश में और लोकतांत्रिक दुनिया में अन्य जगहों पर सभी कानूनी मामलों में होता है, कानून इस मामले में अपना काम करेगा. इस बारे में पूर्वाग्रह वाली पूर्वधारणाएं बिल्कुल अवांछित हैं.''

Advertisement

ये भी पढ़ें- अरविंद केजरीवाल ने ED रिमांड में रहते हुए जारी किया पहला आदेश, जेल से चल रही दिल्‍ली सरकार...!

Featured Video Of The Day
NDTV Davos Coverage: India बना Global AI Power? | Rahul Kanwal | Ashwini Vaishnaw | NDTV India