UP : मुख्यमंत्री आदित्यनाथ ने की धान खरीद की समीक्षा, 52.47 लाख मीट्रिक टन धान की हुई खरीद

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 में धान खरीद की समीक्षा की. सीएम योगी ने निर्देश दिया कि धान विक्रय में किसानों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
पूर्वी उत्तर प्रदेश के जनपदों में पहली नवंबर से 29 फरवरी तक धान खरीद की जाएगी. (प्रतीकात्मक तस्वीर)
नई दिल्ली:

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कुशल निर्देशन में 7.82 लाख किसानों को 11170.55 करोड़ का भुगतान किया गया. धान खरीद के लिए 70 लाख मीट्रिक टन धान का क्रय लक्ष्य निर्धारित है. क्रय एजेंसी खाद्य व रसद विभाग की विपणन शाखा, पीसीएफ, पीसीयू, यूपीएसएस, मंडी परिषद व भारतीय खाद्य निगम द्वारा 5206 क्रय केंद्र स्थापित किए गए. 14 फरवरी तक 7.82 लाख किसानों से 52.47 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की जा चुकी है.

इस एवज में किसानों के बैंक खाते में 11170.55 करोड़ रुपये का भुगतान भी किया गया है. धान कॉमन का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2183 प्रति कुंतल तथा धान ग्रेड-ए का मूल्य 2203 प्रति कुंतल रुपये निर्धारित है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जनपदों में पहली अक्टूबर 2023 से 31 जनवरी 2024 व पूर्वी उत्तर प्रदेश के जनपदों में पहली नवंबर से 29 फरवरी तक धान खरीद की जाएगी. 

सीएम का निर्देश- कृषकों को न हो कोई असुविधा 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 में धान खरीद की समीक्षा की. सीएम योगी ने निर्देश दिया कि धान विक्रय में किसानों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए. उन्होंने क्रय व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों से कहा कि किसान हित सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है. अतएव यदि धान क्रय में लापरवाही बरती जाती है तो दोषी के विरूद्ध कठोर कार्यवाही की जायेगी.

10.45 लाख से अधिक किसानों ने कराया ऑनलाइन पंजीकरण 

कुल 5206 क्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं. इनमें धान बिक्री के लिए 10,45,946 किसानों ने ऑनलाइन पंजीकरण कराया. 14 फरवरी तक 7.82 लाख किसानों से 52.47 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की गयी, और इसके तहत 11,170.55 करोड़ रुपये का भुगतान किसानों के बैंक खाते में किया गया. क्रय केन्द्रों से राइस मिलों को धान का प्रेषण ऑटोमेटेड सॉफ्टवेयर के माध्यम से कराया जा रहा है. मानवीय हस्तक्षेप समाप्त होने से धान प्रेषण एवं सी०एम०आर० डिलीवरी की स्थिति में गुणवत्तापरक सुधार आया है. क्रय केंद्रों से राइस मिलों को धान का प्रेषण में प्रथम बार अधिक खरीद वाले 40 जनपदों में जी०पी०एस० युक्त वाहनों का प्रयोग किया जा रहा है. इसकी सतत् मॉनिटरिंग भी की जा रही है, जिससे इस प्रक्रिया को पूर्ण रूप से पारदर्शी किया जा सके. 

सीएम हेल्पलाइन से 92 हजार किसानों की समस्याओं हुआ निराकरण 

सीएम हेल्पलाइन, खाद्य विभाग के कॉल सेन्टर / टोल फ्री नम्बर, प्रदेश, मंडल व जनपद स्तर पर स्थापित कंट्रोल रूम द्वारा धान क्रय में आने वाली किसी भी कठिनाई का त्वरित गति से समाधान कराया जा रहा है. सीएम हेल्पलाइन से 91,842 किसानों को कॉल कर फीडबैक प्राप्त कर धान बिक्री व भुगतान से सम्बन्धित समस्याओं का निराकरण कराया गया. खाद्य विभाग के कॉल सेन्टर पर धान खरीद से सम्बन्धित कुल 1118 प्राप्त शिकायतों में से 1090 निस्तारित हैं, शेष 28 का निस्तारण कराया जा रहा है.

Featured Video Of The Day
Khabron Ki Khabron FULL Episode: Sambhal Violence Report | Bihar BJP Protests | SIR Controversy