उत्तर प्रदेश एंटी‑टेरर स्क्वॉड (ATS) ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तानी गैंगस्टर्स और पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के लिए काम कर रहे दो आतंकियों को नोएडा से गिरफ्तार किया है. एटीएस ने इनके कब्जे से 32 बोर की एक पिस्टल, पांच जिंदा कारतूस, एक चाकू और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं.
एटीएस के अनुसार, उसे लंबे समय से ऐसी खुफिया सूचनाएं मिल रही थीं कि पाकिस्तानी गैंगस्टर्स, ISI के इशारे पर भारत की संप्रभुता, एकता और अखंडता को नुकसान पहुंचाने की साजिश रच रहे हैं. इसके तहत सोशल मीडिया, खासकर इंस्टाग्राम और अन्य प्लेटफॉर्म्स के जरिए भारतीय युवाओं को निशाना बनाकर स्लीपर सेल तैयार करने और आतंकी गतिविधियों के लिए उकसाया जा रहा था.
सोशल मीडिया से रेडिकलाइजेशन
जांच में सामने आया कि पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी, आबिद जट और कुछ पाकिस्तानी यूट्यूबर, ISI के निर्देश पर भारतीय युवाओं को धार्मिक कट्टरता और आर्थिक लालच देकर रेडिकलाइज कर रहे थे. युवाओं से संवेदनशील स्थलों की रेकी कराने, टारगेटेड हमले कराने और आधुनिक हथियारों से हत्याएं करने की योजना बनाई जा रही थी.
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इस साजिश के प्रभाव में आकर बागपत निवासी तुषार चौहान उर्फ हिजबुल्ला अली खान और दिल्ली निवासी समीर खान पाकिस्तानी गैंगस्टर्स के सीधे संपर्क में आ गए और किसी बड़ी आतंकी घटना को अंजाम देने की तैयारी कर रहे थे.
23 अप्रैल को गिरफ्तारी
एटीएस ने पुख्ता तथ्यों के आधार पर 23 अप्रैल 2026 को दोनों आरोपियों को नोएडा से गिरफ्तार किया. पूछताछ में तुषार उर्फ हिजबुल्ला ने बताया कि वह सोशल मीडिया के जरिए शहजाद भट्टी के संपर्क में आया और उसके लिए अलग‑अलग इंस्टाग्राम आईडी तक बनाई. बाद में व्हाट्सऐप और वॉइस/वीडियो कॉलिंग के जरिए बातचीत होने लगी.
तुषार ने कबूल किया कि शहजाद भट्टी ने उसे कुछ लोगों के घरों पर ग्रेनेड फेंकने और टारगेटेड हत्याओं के निर्देश दिए थे. इसके बदले पहले 50 हजार रुपये नकद और काम पूरा होने के बाद 2.5 लाख रुपये देने का लालच दिया गया था. साथ ही पासपोर्ट बनवाकर दुबई के रास्ते पाकिस्तान भेजने की योजना थी. आरोपियों के अनुसार, ISI के एजेंटों द्वारा ही पैसे और हथियार मुहैया कराए गए थे.
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TTH लिखने और धमकियों का खुलासा
पूछताछ में यह भी सामने आया कि समीर खान को दीवारों पर TTH (Tehrik‑e‑Taliban Hindustan) लिखने और नए लोगों को जोड़ने का टास्क मिला था. दोनों आरोपी मिलकर टारगेट की रेकी कर रहे थे और कुछ लोगों को जान से मारने की धमकियां भी दी गई थीं, जिनमें कॉन्फ्रेंस कॉल पर पाकिस्तानी हैंडलर्स भी जुड़े रहते थे.
मुकदमा दर्ज, रिमांड की तैयारी
प्रारंभिक जांच और मोबाइल से मिले साक्ष्यों के आधार पर थाना‑एटीएस, लखनऊ में मुकदमा संख्या 03/2026 दर्ज किया गया है. आरोपियों पर BNS, आर्म्स एक्ट और UAPA की धाराओं में केस दर्ज कर उन्हें अदालत में पेश किया गया है. एटीएस ने इनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी के लिए पुलिस कस्टडी रिमांड की भी तैयारी की है.
दोनों हुए गिरफ्तार
तुषार चौहान उर्फ हिजबुल्ला अली खान (20 वर्ष)
निवासी: ग्राम रमाला, थाना रमाला, बागपत, हाल पता: कंकरखेड़ा, मेरठ
समीर खान (20 वर्ष)
निवासी: सनलाइट कॉलोनी, पुरानी सीमापुरी, दिल्ली
एटीएस का कहना है कि इस कार्रवाई से एक बड़ी आतंकी साजिश नाकाम हुई है और देश विरोधी तत्वों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा.














