कनाडा के पीएम मार्क कार्नी चार दिवसीय भारत दौरे पर हैं. दोनों देशों के बीच कई क्षेत्रों में अहम समझौते हुए हैं. सोमवार को भारत-कनाडा की साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में पीएम मोदी ने कहा कि हमारी पहली बैठक में ही दोनों देशों के बीच संबंधों में एक नई ऊर्जा और परस्पर विश्वास और सकारात्मकता आई है. भारत और कनाडा लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास रखते हैं. मानवता की भलाई दोनों का साझा विजन है. इस विजन को नेक्स्ट पार्टनरशिप में ट्रांसफॉर्म करने पर चर्चा की है. हमारा लक्ष्य है कि 2030 तक दोनों देशों के बीच व्यापार 50 बिलियन डॉलर तक पहुंचे.
आर्थिक सहयोग का पूरा पॉटेंशियल अनलॉक करना हमारी प्राथमिकता है. दोनों देशों के बीच निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे. कनाडा के पेंशन फंड्स ने भारत में 100 बिलियन डॉलर का निवेश किया है.
प्रधानमंत्री मोदी ने भारत और कनाडा के बीच भविष्य की रणनीतिक साझेदारी को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं.
AI, क्वांटम और सेमीकंडक्टर्स
पीएम मोदी ने स्पष्ट किया कि दोनों देश भविष्य की तकनीकों पर मिलकर काम करेंगे. भारत और कनाडा AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस), क्वांटम कंप्यूटिंग, सुपरकंप्यूटिंग और सेमीकंडक्टर्स के क्षेत्र में आपसी सहयोग को और अधिक विस्तार देंगे. अंतरिक्ष के क्षेत्र में दोनों देशों के स्टार्टअप्स और निजी उद्योगों को एक-दूसरे से जोड़ने की योजना है.
2. ऊर्जा और भविष्य की रणनीतियां
ऊर्जा के क्षेत्र में साझेदारी को एक नए स्तर पर ले जाने पर जोर दिया गया है. सहयोग के मुख्य क्षेत्रों में हाइड्रोकार्बन्स, रिन्यूएबल एनर्जी, ग्रीन हाइड्रोजन और एनर्जी स्टोरेज (ऊर्जा भंडारण) शामिल होंगे. इन प्रयासों को गति देने के लिए इसी वर्ष 'भारत-कनाडा रिन्यूएबल एनर्जी और स्टोरेज समिट' का आयोजन किया जाएगा. पीएम मोदी ने कनाडा के अंतरराष्ट्रीय सोलर अलायंस (ISA) और ग्लोबल बायोफ्यूल अलायंस में शामिल होने के निर्णय का स्वागत किया
3. सप्लाई चेन और क्रिटिकल मिनरल्स पर डील
आर्थिक सुरक्षा की दृष्टि से एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पीएम मोदी ने आज साइन किए गए क्रिटिकल मिनरल्स (महत्वपूर्ण खनिजों) पर समझौता ज्ञापन (MoU) से दोनों देशों के बीच सप्लाई चेन (आपूर्ति श्रृंखला) की मजबूती और स्थिरता बढ़ेगी.
कनाडा के अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री मनिंदर सिद्धू और केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने CEPA के लिए टर्म्स ऑफ रेफरेंस और जॉइंट पल्स प्रोटीन सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पर डिक्लेरेशन ऑफ इंटेंट के डॉक्यूमेंट्स एक्सचेंज किए. इस मौके पर पीएम मोदी और कनाडा के PM मार्क कार्नी भी मौजूद थे.














