घर की छत से बिजली क्रांति: भारत में बिजली के इस्तेमाल के तरीके को कैसे बदल रही सूर्य घर योजना

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2024 में 'सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' का ऐलान किया था. यह सरकार की एक ऐसी पहल है जो उन परिवारों की मदद करती है जो हर महीने 300 यूनिट तक बिजली का इस्तेमाल करते हैं.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins

भारत अब क्लीन और आत्मनिर्भर एनर्जी के एक नए युग में कदम रख रहा है. हमारे देश में साल भर भरपूर धूप मिलती है, जिसका मतलब है कि सोलर पावर का इस्तेमाल करने की हमारे पास बहुत बड़ी क्षमता है. इसी मौके का फायदा उठाने के लिए केंद्र की मोदी सरकार ने एक योजना की शुरुआत की है. योजना का नाम है- 'सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना'. इस योजना के तहत घर की छत पर सोलर पैनल लगाकर बिजली का उत्पादन किया जा रहा है. 

सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना क्या है?

सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना (PM Surya Ghar: Muft Bijli Yojana) भारत सरकार की एक पहल है, जिसका लक्ष्य 1 करोड़ घरों को रूफटॉप सोलर पैनल लगाकर हर महीने 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली देना है, जिसके लिए सरकार सब्सिडी देती है. जिससे बिजली बिल कम होता है और लोग आत्मनिर्भर बन रहे हैं. 

यह योजना परिवारों को सौर ऊर्जा अपनाने के लिए प्रोत्साहित करती है और ₹75,000 करोड़ से अधिक के निवेश के साथ 'आत्मनिर्भर भारत' और सतत विकास की दिशा में एक बड़ा कदम है, इसके लिए आप pmsuryaghar.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. 

एक्सपर्ट ने बताया- इस योजना का मकसद

सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के बारे में गैलो सोलर के CEO जय ने कहा कि इस स्कीम का मकसद है हर घर को एक छोटा बिजली घर बनाना. सरकार लोगों को अपने घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाने के लिए बढ़ावा दे रही है. इससे लोग अपनी खुद की बिजली बना पाएंगे, बिजली के बिल कम कर पाएंगे और धरती को हरा-भरा बनाने में भी योगदान दे पाएंगे. 

बिजली बिल बचाने के साथ-साथ कमाई का भी जरिया

Advertisement

जय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2024 में 'सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' का ऐलान किया था. यह सरकार की एक ऐसी पहल है जो उन परिवारों की मदद करती है जो हर महीने 300 यूनिट तक बिजली का इस्तेमाल करते हैं. इस योजना का सबसे बड़ा फायदा यह है कि यह लोगों को पैसे बचाने का मौका देती है, साथ ही एक्स्ट्रा कमाई करने का भी मौका देती है. 

सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से कैसे होगी कमाई

उन्होंने कहा कि जब आप अपने घर में ऑन-ग्रिड सोलर सिस्टम लगाते हैं, तो दिन में आपके घर में सोलर बिजली का इस्तेमाल होता है. इससे आप ग्रिड (सरकारी बिजली) से कम बिजली लेते हैं. अगर आपके सोलर पैनल जरूरत से ज्यादा बिजली बनाते हैं, तो वह एक्स्ट्रा बिजली ग्रिड में वापस चली जाती है. इस प्रोसेस को नेट मीटरिंग कहते हैं. इससे आपका बिजली का बिल कम हो जाता है. 

पोर्टल से आसानी से कर सकते है रजिस्टर

Advertisement

भारत में अभी भी ज्यादातर बिजली कोयले और दूसरे जीवाश्म ईंधन से बनती है, जो हवा को प्रदूषित करते हैं और एनवायरमेंट को नुकसान पहुंचाते हैं. इसके उलट, सोलर पावर बिल्कुल क्लीन और प्रदूषण रहित होती है. सरकार ने इसके लिए एक ऑनलाइन पोर्टल शुरू किया है. इसके जरिए कोई भी व्यक्ति आसानी से रजिस्टर कर सकता है. 

गैलो सोलर जैसी कंपनियां इस मिशन को सफल बनाने में अहम भूमिका निभा रही हैं. वे घर के मालिकों को हाई क्वालिटी वाले रूफटॉप सोलर सिस्टम दे रही हैं और इंस्टॉलेशन के पूरे प्रोसेस में उनकी हेल्प कर रही हैं.

Featured Video Of The Day
Netanyahu Threatens Iran: नए Supreme Leader को मौत की धमकी, मारे गए परमाणु वैज्ञानिक! Israel War