महाकुंभ में माघ पूर्णिमा पर करोड़ों श्रद्धालुओं ने लगाई आस्था की डुबकी, हेलीकॉप्टर से की गई पुष्प वर्षा

पुष्प वर्षा की शुरुआत सुबह 8 बजे से ही हो गई, जब बड़ी संख्या में श्रद्धालु विभिन्न तटों पर स्नान कर रहे थे. गुलाब की पंखुड़ियों की बारिश देख संगम तट पर मौजूद संतों और श्रद्धालुओं ने अभिभूत होकर जय श्री राम और हर-हर महादेव के नारे लगाए.

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प्रयागराज:

महाकुंभ में माघी पूर्णिमा के मौके पर विशेष स्नान का दिन है और इस वजह से मंगलवार को ही पूरे प्रयागराज को नो व्हीकल जोन बना दिया गया था. साथ ही खुद सीएम योगी आदित्यनाथ सुबह से ही अपने वॉर रूम से सभी व्यवस्थाओं और सुविधाओं का खुद जायजा ले रहे हैं और स्थितियों पर नजर रखे हुए हैं. माघ पूर्णिमा के इस पावन मौके पर स्नान करने पहुंचे सभी श्रद्धालुओं के ऊपर पुष्प वर्षा भी की गई. 

पुष्प वर्षा की शुरुआत सुबह 8 बजे से ही हो गई, जब बड़ी संख्या में श्रद्धालु विभिन्न तटों पर स्नान कर रहे थे. गुलाब की पंखुड़ियों की बारिश देख संगम तट पर मौजूद संतों और श्रद्धालुओं ने अभिभूत होकर जय श्री राम और हर-हर महादेव के नारे लगाए. अपनी धार्मिक आस्था को सम्मान दिए जाने पर श्रद्धालुओं ने योगी सरकार की भूरि-भूरि प्रशंसा की. 

स्नान पर्व के दौरान पुष्पवर्षा से साधु संत और श्रद्धालु गदगद नजर आए। जैसे ही आसमान में हेलीकॉप्टर की गड़गड़ाहट सुनाई दी, सभी को आभास हो गया कि योगी सरकार द्वारा उन पर पुष्पवर्षा होने वाली है. जैसे ही गुलाब की पंखुड़ियां श्रद्धालुओं पर पड़ीं, पूरा वातावरण हर-हर महादेव, गंगा मइया की जय और जय श्रीराम के नारों से गुंजायमान हो गया.

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बता दें कि आज कल्पवासी स्नान के बाद अपने-अपने घरों के लिए रवाना होने लग जाएंगे. 13 जनवरी को शुरू हुए महाकुंभ 2025 में पिछले एक महीने से कई लोग कल्पवास कर रहे थे और आज उनका यह कल्पवास खत्म हो गया है. यहां आपको यह भी बता दें कि बुधवार को सुबह 10 बजे तक 1.30 करोड़ से अधिक लोगों ने संगम और गंगा में स्नान किया.

अब तक 47.45 करोड़ से अधिक लोग यहां स्नान कर चुके हैं. सभी कल्पवासियों से यातायात नियमों का पालन करने और केवल अधिकृत पार्किंग का उपयोग करने का अनुरोध किया गया है. (इनपुट एजेंसी से भी)

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