NEET UG Exam 2026 : डॉक्टर बनने का सपना लेकर परीक्षा केंद्रों पर पहुंची छात्राओं के लिए इस बार की नीट (NEET) परीक्षा किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं रही. रीवा के 12 केंद्रों पर सुरक्षा के इतने कड़े इंतजाम थे कि मेडिकल कॉलेज की सीट से पहले छात्राओं को 'ड्रेस कोड' की परीक्षा पास करनी पड़ी. सबसे ज्यादा परेशानी उन लड़कियों को हुई, जो नाक की कील और कान के गहने पहनकर आई थीं.
NEET UG 2026 Exam LIVE Updates: कड़ी निगरानी के बीच शुरू हुई नीट यूजी की परीक्षा, 22 लाख स्टूडेंट की किस्मत का होगा फैसला
नथुनी और गहनों पर अटकी एंट्रीनीट की परीक्षा के लिए जारी किये गये दिशा निर्देश का कड़ाई से हो रहा है पालन. आमतौर पर जो भी दिशा निर्देश सरकार के द्वारा जारी किए गए थे ज्यादातर बच्चे उसका पालन करते नजर आ रहे थे, लेकिन सबसे ज्यादा परेशानी उन लड़कियों को हुई जिन्होंने अपने कान में, नाक में, कील पहन रखी थी. पुलिस कर्मी साफ तौर से अंदर परीक्षा में दाखिल होने के पहले उन्हें निकालने के लिए कह रहे थे.
वहीं दूसरी और बच्चों के पैर में जुते नजर नहीं आए, लगभग सभी लड़के लड़कियों ने हवाई चप्पल ही पहन रखी थी.
ज्यादातर बच्चों के हाथ में पीने के पानी के लिए पारदर्शी बोतल नजर आई, टी-शर्ट नजर आई. प्रशासन ने कलर्ड पानी की बोतल सहित, जूते पूरी तरीके से प्रतिबंधित कर दिए थे, फुल बांह की टी-शर्ट या शर्ट भी एलाउ नहीं थी.
ये चीजें हैं बैन
इसी के साथ पेंसिल बॉक्स, बटुआ, चश्मा, हैंडबैग, बेल्ट,टोपी, घड़ी, ब्रेसलेट, कैमरा, आभूषण, धातु की वस्तुएं, माइक्रोचिप, कैमरा, ब्लूटूथ डिवाइस, जैसी चीज पूरी तरीके से प्रतिबंधित कर दी गई थी.
प्रशासन के जो भी दिशा निर्देश थे, पुलिस प्रशासन सख्ती से पालन करवा रहा था. परीक्षा प्रारंभ होने का समय दोपहर 2 बजे से था,लेकिन बच्चों के आने का सिलसिला सुबह 11:00 से ही प्रारंभ हो गया था. बच्चों की एंट्री का समय 1:30 तक ही था, हर हालत में अपनी कुर्सी में 1 घंटे पहले बच्चों को नजर आना था.
आपको बता दें कि रीवा शहर के 12 परीक्षा केन्द्रों में 5236 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे. परीक्षा में सम्मिलित होने वाले परीक्षार्थियों को अपने साथ एनटीए वेबसाइट से डाउनलोड किये गये प्रवेश पत्र की प्रिंट कॉपी, पोस्टकार्ड साइज की एक फोटो, पासपोर्ट साइज के 2 फोटो, किसी एक अधिकृत फोटो आईडी की मूल तथा वैध प्रति (जैसे राशन कार्ड), व्यक्तिगत पारदर्शी पानी की बोतल ही ले जाने दी जा रही थी.
कैसे होगी कॉपी चेकिंगलंबे वक्त के बाद बच्चों ने इतनी कड़ाई के साथ परीक्षा दी. इस बार सही जवाब देने पर चार नंबर दिए जाएंगे, गलत जवाब देने पर एक नंबर काट दिया जाएगा. वहीं अगर किसी बच्चे ने सवाल अटेम्प्ट ही नहीं किया है तो, उसके नंबर ना तो काटें जाएंगे ना ही जुड़ेंगे.