Google के CEO सुंदर पिचाई जब स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के कमेंसमेंट सेरेमनी में छात्रों को संबोधित करने के लिए मंच पर पहुंचे, तभी कार्यक्रम कार्यक्रम में अचानक विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया. फिलिस्तीन के समर्थन में कई छात्रों ने उनकी स्पीच के दौरान वॉकआउट कर दिया. कुछ छात्र फिलिस्तीनी झंडे और बैनर लेकर कार्यक्रम से बाहर निकल गए, जबकि कई ने 'Free Palestine' के नारे भी लगाए. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.
बता दें कि स्टैनफोर्ड ने सुंदर पिचाई को कमेंसमेंट स्पीच के लिए बुलाया था. सुंदर पिचाई रविवार को स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के 2026 बैच के कमेंसमेंट सेरेमनी में स्पीकर के तौर पर शामिल हुए थे. खास बात ये है कि पिचाई ने स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से ही मटैरियल्स एंड साइंस इंजीनियरिंग में मास्टर्स ऑफ साइस (MS) की पढ़ाई की थी. कई साल बाद वह अपने यूनिवर्सिटी में छात्रों को संबोधित कर रहे थे.
स्टैनफोर्ड रपोर्ट के मुताबिक, यूनिवर्सिटी के 135वें कमेंसमेंट समारोह में 20,000 से ज्यादा लोग शामिल हुए थे. इनमें करीब 3,600 छात्र भी थे.
स्पीच शुरू होते ही करीब 200 छात्रों ने किया वॉकआउट
SFGate की रिपोर्ट के अनुसार, सुंदर पिचाई के भाषण के दौरान करीब 200 छात्र कार्यक्रम छोड़कर बाहर निकल गए.रिपोर्ट में कहा गया है कि ऑडिएंस के बीच मौजूद कुछ समूहों ने बैनर लहराए, सीटी बजाई और फिलिस्तीनी झंडे दिखाए. इसके बाद वे भाषण के बीच में ही कार्यक्रम से बाहर चले गए.
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में भी छात्रों को फिलिस्तीनी झंडे और पोस्टर लेकर बाहर जाते देखा जा सकता है. कार्यक्रम के वीडियो में कुछ छात्र 'Free Palestine' के नारे लगाते हुए भी दिखाई दिए.
रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस प्रदर्शन का आयोजन ' स्टूडेंट्स फॉर जस्टिस इन फिलिस्तीन' और ' नो टेक फॉर अपार्थाइड' जैसे संगठनों ने किया था.
गूगल-इजरायल डील का विरोध
SFGate की रिपोर्ट के अनुसार, प्रदर्शन कर रहे छात्र गूगल और इजरायल सरकार के बीच संबंधों का विरोध कर रहे थे.खास तौर पर छात्रों ने प्रोजेक्ट निम्बस (Project Nimbus) को लेकर आपत्ति जताई. यह गूगल और इजरायल के बीच 2021 में हुआ 1.2 अरब डॉलर का क्लाउड कंप्यूटिंग एग्रीमेंट है.रिपोर्ट में कहा गया कि पिछले तीन वर्षों में स्टैनफोर्ड के कमेंसमेंट प्रोग्राम के दौरान इजरायल-गाजा युद्ध और कैंपस में फिलिस्तीन समर्थक प्रदर्शनों पर यूनिवर्सिटी की कार्रवाई को लेकर विरोध प्रदर्शन होते रहे हैं.