ATM से निकलेंगे 10, 20 और 50 रुपये के नोट! सरकार का बड़ा अपडेट, छोटे नोटों का पूरा हिसाब भी दिया

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि छोटे मूल्य के नोटों के लिए 'स्मॉल वैल्यू डिस्पेंसर' के माध्यम से एक पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया गया है. यानी एक खास तरह के एटीएम से 10, 20 और 50 रुपये के नोट निकलेंगे. 

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
Special ATMs To Dispense Small Value Currency Note: एटीएम से निकलेंगे छोटे नोट

सामान्‍य ATM से अमूमन छोटे बैंक नोट नहीं निकलते हैं. आपने भी जब निकाला होगा तो आपको 500-500 रुपये के और 100-200 रुपये के नोट मिले होंगे. बाजार में छुट्टे पैसे की दिक्‍कत भी होती रही है. ऐसे में कम वैल्‍यू के नोटों को लेकर चर्चाएं होने लगी थीं. क्‍या बाजार में छोटे नोटों की कमी हो गई है? क्‍या 10 रुपये, 20 रुपये और 50 रुपये के नोट नहीं मिल रहे हैं? क्‍या छोटे नोट मार्केट से गायब हो गए है? पिछले कुछ दिनों से लगाई जा रहीं ऐसी अटकलों और सवालों पर सरकार ने विराम लगा दिया है. केंद्र सरकार ने मंगलवार को संसद में बताया कि देश में चलन में मौजूद 10, 20 और 50 रुपये के छोटे मूल्यवर्ग के करेंसी नोटों की कोई कमी नहीं है. एक प्रश्न के उत्तर में वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने इस संबंध में तस्‍वीर साफ की. 

खास ATM से निकलेंगे छोटे नोट! 

राज्यसभा में एक प्रश्न के उत्तर में वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने कहा कि आरबीआई (RBI) के अनुसार, पारंपरिक रूप से एटीएम के माध्यम से छोटे मूल्यवर्ग के बैंक नोट वितरित नहीं किए जाते रहे हैं. उन्होंने सदन को ये भी सूचित किया कि छोटे मूल्य के नोटों के लिए 'स्मॉल वैल्यू डिस्पेंसर' के माध्यम से एक पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया गया है. यानी एक खास तरह के एटीएम से 10, 20 और 50 रुपये के नोट निकलेंगे. 

छोटे नोटों का पूरा हिसाब-किताब 

सरकार के अनुसार, चालू वित्त वर्ष में (26 फरवरी तक), केंद्रीय बैंक द्वारा 10 रुपये के 439.40 करोड़ नोट, 20 रुपये के 193.70 करोड़ नोट और 50 रुपये के 130.30 करोड़ बैंक नोटों की आपूर्ति की गई है. पिछले वित्त वर्ष (FY25) में 10 रुपये के 180 करोड़ नोट, 20 रुपये के 150 करोड़ नोट और 50 रुपये के 300 करोड़ नोटों की आपूर्ति की गई थी.

नोट और सिक्‍कों से पूरी होती है छोटे मूल्‍य के कैश की मांग 

आरबीआई एक निरंतर प्रक्रिया के तहत बैंक नोटों के विभिन्न मूल्यवर्ग की आवश्यकता का आकलन करता है और सरकार को आवश्यक मूल्यवर्ग के नोटों की छपाई के लिए सिफारिशें भेजता है. छोटे मूल्यवर्ग की नकदी की मांग को बैंक नोटों और सिक्कों के मिश्रण के माध्यम से पूरा किया जाता है. इसके अलावा, कम मूल्य के लेनदेन सहित कुल लेनदेन में डिजिटल भुगतान मोड का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है.

मंत्री ने कहा, 'RBI ने सूचित किया है कि वो अर्थव्यवस्था की मांग को पूरा करने के लिए निरंतर आधार पर विभिन्न मूल्यवर्ग के बैंक नोटों और सिक्कों को पर्याप्त मात्रा में प्रचलन में लाने का प्रयास करता है.

एक अन्य प्रश्न का उत्तर देते हुए मंत्री ने कहा कि नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, वित्त वर्ष 2025-26 (31 दिसंबर, 2025 तक) में रुपे केसीसी (RuPay KCC) कार्ड के माध्यम से रिपोर्ट किए गए डिजिटल लेनदेन की कुल संख्या 3.72 लाख है, जिसका मूल्य 111.17 करोड़ रुपये है.

Advertisement
Featured Video Of The Day
Iran-Israel War का 11वां दिन: Trump-Putin की 1 घंटे बातचीत, क्या खत्म होगा युद्ध? | Khamenei