प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2026 के पहले 'मन की बात' कार्यक्रम में देश के युवाओं की प्रशंसा की है. 'स्टार्टअप इंडिया' के 10 साल की यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि भारत में आज दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा 'स्टार्टअप इकोसिस्टम' बन चुका है. 'मन की बात' कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, 'दस साल पहले जनवरी 2016 में हमने एक महत्वपूर्ण सफर शुरू किया. तब हमें इस बात का एहसास था कि भले ही ये एक छोटा क्यों ना हो, लेकिन ये युवा पीढ़ी और देश के भविष्य के लिए काफी अहम है. यह 'स्टार्टअप इंडिया' की यात्रा है और इस अद्भुत यात्रा के 'हीरो' हमारे युवा साथी हैं.'
'लीक से हटकर है भारत का इकोसिस्टम'
उन्होंने कहा कि भारत में दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा 'स्टार्टअप्स इकोसिस्टम' बना. ये 'स्टार्टअप्स इकोसिस्टम' लीक से हटकर हैं. वे ऐसे सेक्टर में काम कर रहे हैं, जिनके बारे में 10 साल पहले तक कल्पना भी नहीं की जा सकती थी. एआई, स्पेस, न्यूक्लियर एनर्जी, सेमीकंडक्टर, मोबिलिटी, ग्रीन हाइड्रोजन और बायोटेक्नोलॉजी जैसे सेक्टर में न कोई भारतीय स्टार्टअप काम करते हुए दिखेगा.
पीएम मोदी ने युवाओं से क्या अपील की?
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, 'मैं अपने उन सभी युवा-साथियों को सलाम करता हूं, जो किसी-न-किसी स्टार्टअप से जुड़े हैं या फिर अपना स्टार्टअप शुरू करना चाहते हैं. पीएम मोदी ने 'मन की बात' के माध्यम से देशवासियों, खासकर इंडस्ट्री और स्टार्टअप से जुड़े युवाओं से आग्रह करते हुए कहा, 'भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ रही है. भारत पर दुनिया की नजरें हैं. ऐसे समय में हम सब पर एक बहुत बड़ी जिम्मेदारी भी है. वह जिम्मेदारी है गुणवत्ता पर जोर देने की. इस वर्ष हम पूरी ताकत से गुणवत्ता को प्राथमिकता दें.'
उन्होंने आगे कहा, 'हम सबका एक ही मंत्र हो, 'गुणवत्ता, गुणवत्ता और सिर्फ गुणवत्ता.' हम जो भी उत्पादन कर रहे हैं, उसकी गुणवत्ता को बेहतर बनाने का संकल्प लें. हमारे टेक्सटाइल, टेक्नोलॉजी और इलेक्ट्रॉनिक्स, यहां तक कि पैकेजिंग भी, भारतीय उत्पाद का मतलब 'उच्च गुणवत्ता' होना चाहिए.'
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