मुंबई की धड़कन कहे जाने वाले डिब्बेवाले आज खुद अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहे हैं. पिछले 130 सालों से बिना रुके, बिना थके लाखों मुंबईकरों तक 'घर का स्वाद' पहुँचाने वाले इन मेहनतकशों के सामने आज तकनीक और ऐप्स (Swiggy, Zepto, Zomato) ने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है.