चुनावी माहौल के बीच उत्तर प्रदेश में विकास की नई तस्वीर गढ़ने की कोशिश की जा रही है और इस बदलाव का सबसे बड़ा प्रतीक बनकर उभर रहा है गंगा एक्सप्रेसवे. लेकिन बड़ा सवाल यह है कि क्या गंगा एक्सप्रेसवे की यह रफ्तार कन्नौज की गलियों तक भी पहुंचेगी? हजारों वर्षों के गौरवशाली इतिहास वाला कन्नौज अपनी सांस्कृतिक और व्यावसायिक विरासत के लिए जाना जाता है, लेकिन क्या यह शहर अपने इतिहास के अनुरूप विकास कर पाया है? यह एक अहम सवाल है. साथ ही यह भी जानना जरूरी है कि गंगा एक्सप्रेसवे बनने के बाद यहां की तस्वीर कितनी बदलेगी. क्या इस परियोजना से युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे? क्या किसानों की आय में वृद्धि होगी? क्या कन्नौज का प्रसिद्ध इत्र उद्योग नई उड़ान भर पाएगा? और सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या गंगा एक्सप्रेसवे के आने से कन्नौज की सड़कों, गलियों और बुनियादी सुविधाओं में वास्तविक सुधार देखने को मिलेगा?