शार्क टैंक इंडिया सीजन 5 के हाल ही के एपिसोड में दिलचस्प और जोखिम भरा इन्वेस्टमेंट देखने को मिला. इस एपीसोड में बोट के पूर्व सीएमओ और शार्क अमन गुप्ता ने घाटे में चल रही कंपनी मामा नरिश में दो करोड़ रुपए इन्वेस्ट करने का फैसला किया. ये उनका इस सीजन का 20 वां इन्वेस्टमेंट है. अब तक वो 20 स्टार्टअप में कुल 20 करोड़ रुपए इन्वेस्ट कर चुके हैं. इस सीजन में 91 पिचों में से 51 को फंडिंग मिली है और अब तक का कुल निवेश 74.38 करोड़ रुपए तक पहुंच चुका है.
क्या है मामा नरिश कंपनी
मामा नरिश एक क्लीन लेबल स्नैकिंग ब्रांड है, जो दादी नानी की ट्रेडिशनल रेसिपीज से स्नेक्स बनाता है. इसकी शुरुआत 2023 में कुणाल गोयल, उषा श्रोत्रिया और यश पाराशर ने की थी. उनके प्रोडक्ट बिना प्रिजर्वेटिव और केमिकल के बनाए जाते हैं और अलग-अलग शहरों की दादियों की रेसिपी चुनकर उन्हें ब्रांड के तहत बेचा जाता है. हालांकि, ये कंपनी घाटे में चल रही है. पहले साल उन्होंने 6.6 लाख रुपए की बिक्री की, 2024-25 में बिक्री बढ़कर 1.2 करोड़ रुपए हुई, लेकिन उसका घाटा 2.02 करोड़ रुपए रहा. बैंक में सिर्फ 47 लाख रुपए बचे थे, जो मुश्किल से 6 महीने चल सकते थे. शार्क ने उनकी फाइनेंशियल स्थिति और कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग मॉडल पर सवाल भी उठाए.
अमन गुप्ता ने की रिस्क टेकिंग डील
शार्क इंडिया के जज कुणाल बहल, विनीता सिंह, नमिता थापर और रितेश अग्रवाल ने कंपनी की रणनीति, ब्रांडिंग और यूनिट इकोनॉमिक्स पर चिंता जताई और डील से पीछे हट गए. उनका मानना था कि कंपनी अभी बाजार के लिए पूरी तरह तैयार नहीं है और इससे बहुत ज्यादा घाटा हो सकता है. इसके बावजूद शार्क अमन गुप्ता ने जोखिम लेने का फैसला किया, उन्होंने कंपनी की खराब हालत के बावजूद 20% इक्विटी के बदले 2 करोड़ रुपए देने का प्रस्ताव रखा. यानी कि कंपनी का वैल्यूएशन 10 करोड़ रुपए लगाया गया. कंपनी के संस्थापकों ने 6% इक्विटी का काउंटर ऑफर दिया, लेकिन अमन ने साफ कहा कि अगर 20% हिस्सा नहीं मिला तो वो निवेश नहीं करेंगे. 3 महीने बाद आपके निवेशकों का पैसा खत्म हो जाएगा, आपको बचाने का सिर्फ एक मौका है और वो मैं हूं. आखिरकार ये डील हुई और ये इस शो की सबसे चर्चित डील बन गई.
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