Uttarakhand Girls Scheme: उत्तराखंड में इस बार 10वीं और 12वीं का रिजल्ट आते ही एक और बड़ी खबर सामने आई है, जो खासतौर पर बेटियों के लिए राहत और उत्साह लेकर आई है. पढ़ाई में अच्छा प्रदर्शन करने वाली छात्राओं के लिए सरकार ने दो ऐसी योजनाएं शुरू की हैं, जिनसे न सिर्फ आर्थिक मदद मिलेगी बल्कि करियर बनाने का भी रास्ता खुलेगा. 12वीं पास करने वाली बेटियों को सीधे 51 हजार रुपये दिए जाएंगे, वहीं जो छात्राएं शेफ बनना चाहती हैं, उनके लिए खास स्कॉलरशिप और ट्रेनिंग की सुविधा भी दी जाएगी.
शेफ बनने के लिए मिलेगा सपोर्ट
राज्य सरकार ने बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए होटल मैनेजमेंट और कुकरी से जुड़ी पढ़ाई को बढ़ावा देने का फैसला किया है. इसके तहत छात्राओं को स्कॉलरशिप और फेलोशिप दी जाएगी, ताकि वे प्रोफेशनल ट्रेनिंग ले सकें. इस योजना का मकसद सिर्फ खाना बनाना सिखाना नहीं है, बल्कि टूरिज्म और होटल इंडस्ट्री में करियर के नए मौके खोलना है.
इस योजना की खास बात ये है कि योग्य छात्राओं को विदेश में ट्रेनिंग और सीखने का मौका भी मिल सकता है. इससे वे इंटरनेशनल लेवल पर काम करने के लिए तैयार होंगी. सरकार चाहती है कि बेटियां सिर्फ नौकरी तक सीमित न रहें, बल्कि बड़े होटल्स और ग्लोबल इंडस्ट्री में अपनी पहचान बना सकें.
12वीं पास बेटियों को 51 हजार रुपये
इसके अलावा नंदा गौरा योजना के तहत बेटियों को जन्म से लेकर पढ़ाई तक आर्थिक मदद दी जाती है. इसी योजना के जरिए 12वीं पास करते ही छात्रा के खाते में 51 हजार रुपये ट्रांसफर किए जाते हैं. इसका उद्देश्य बेटियों की पढ़ाई को बढ़ावा देना और परिवारों को आर्थिक सहारा देना है.
रोजगार और स्किल पर फोकस
सरकार का फोकस अब स्किल डेवलपमेंट और रोजगार पर है. इन योजनाओं के जरिए बेटियों को हुनर सिखाया जाएगा, जिससे वे खुद का काम शुरू कर सकें या बड़े सेक्टर में नौकरी पा सकें. इससे राज्य में पर्यटन और होटल उद्योग भी मजबूत होगा और नए रोजगार के अवसर बनेंगे.