वैभव सूर्यवंशी के मामा ने बताया कैसे क्रैक किया UPSC एग्जाम, आपके काम भी आएंगे ये टिप्स

अभिषेक ने दसवीं तक कि पढ़ाई पुरुलिया स्थित राम कृष्ण मिशन स्कूल से की जबकि 12 हाजीपुर से ही किया. 12वीं में ही अभिषेक ने आईआईटी क्रैक किया और आईआईटी की पढ़ाई पूरी कर एक मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी कर रहे थे. इसी बीच अभिषेक ने यूपीएससी परीक्षा की तैयारी का मन बनाया और घर चले आए.

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अभिषेक क्रिकेट वैभव सूर्यवंशी के रिश्ते मे मामा लगते है.

संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की प्रशासनिक सेवा के परिणाम शुक्रवार को घोषित हो गए हैं. इस साल भी सफलता की कई कहानियां सामने आई हैं. बिहार के बच्चों ने एक बार फिर इस एग्जाम में सफलता का परचम लहराया है. परीक्षा में हाजीपुर निवासी अभिषेक चौहान ने भी अपने दूसरे ही प्रयास में 102 रैंक हासिल कर कामयाबी हासिल की है. अभिषेक चौहान क्रिकेट खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी के रिश्ते में मामा लगते है. अभिषेक के घर पर बधाई देने वालो का तांता लगा हुआ है. अभिषेक के पिता अभय कुमार सिंह हाजीपुर स्थित आरएन कॉलेज में फिलॉसफी के प्रोफेसर है और नालंदा ओपन यूनिवर्सिटी में कुल सचिव के पद पर भी पदस्थापित है. खास बात यह है कि अभिषेक ने परीक्षा की पूरी तैयारी हाजीपुर के दिग्घी पश्चिमी इलाके में स्थित अपने घर से ही कि जिसमें माता-पिता ने उनका बखूबी साथ दिया. यही वजह है कि अभिषेक ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता को दिया है.

नौकरी छोड़ की यूपीएससी परीक्षा की तैयारी

अभिषेक ने दसवीं तक कि पढ़ाई पुरुलिया स्थित राम कृष्ण मिशन स्कूल से की जबकि 12 हाजीपुर से ही किया. 12वीं में ही अभिषेक ने आईआईटी क्रैक किया और आईआईटी की पढ़ाई पूरी कर एक मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी कर रहे थे. इसी बीच अभिषेक ने यूपीएससी परीक्षा की तैयारी का मन बनाया और घर चले आए. जिसके बाद हाजीपुर स्थित अपने घर से ही अभिषेक ने तैयारी की और सफलता हासिल की. अभिषेक ने बताया कि घर मे किताबों के अलावा ऑनलाइन पढ़ाई की जिस कारण सफलता मिली है.

अभिषेक मूलरूप से समस्तीपुर जिले के मोहद्दीनगर के रहने वाले है. जिनके दादा गया सिंह राजा जान पंचायत के 25 साल तक मुखिया भी रहे है. अभिषेक की एक बड़ी बहन मेधा चौहान है जो पीएचडी कर रही है और उसकी शादी हो चुकी है. वहीं अभिषेक की मां अनुराधा राजपूत बताती है कि उन्होंने बेटे की हर जरूरत का ख्याल रखा. लेकिन उसकी पढ़ाई में कोई समस्या नहीं आने दी. अपने बेटे की सफलता से गर्व महसूस कर रही अनुराधा ने बताया कि उनके बेटे को अपनी मां के हाथ का खाना बहुत पसंद है. इसलिए उसके लिए हर रोज वह अभिषेक के पसंद का खाना बनाती है.

बहरहाल जिस तरह से अभिषेक ने जूलॉजी विषय से यूपीएससी परीक्षा में सफलता हासिल की है, वह एक मिसाल है, छोटे से शहर और कम संसाधन के बावजूद भी सफलता हासिल की जा सकती है. वैशाली की जिलाधिकारी वर्षा सिंह नें अभिषेक और उसके परिवार को सम्मानित कया है.

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