दिल्ली हाई कोर्ट ने अभिनेता राजपाल यादव को चेक बाउंस मामले में बड़ी राहत दी है. अदालत ने उनकी सजा को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है, जिससे वह जेल से बाहर आ सकेंगे. यह फैसला सोमवार को सुनाया गया, जब न्यायमूर्ति स्वर्ण कांता शर्मा ने मामले की सुनवाई की. अदालत ने ध्यान दिया कि राजपाल यादव ने शिकायतकर्ता की कंपनी मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के बैंक खाते में 1.5 करोड़ रुपये जमा कर दिए हैं. इसके साथ ही, अदालत ने राजपाल यादव को 1 लाख रुपये का पर्सनल बॉन्ड और इतनी ही राशि का एक स्योरिटी बॉन्ड जमा करने का आदेश दिया.
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कब तक है राजपाल यादव को राहत
वह अब 18 मार्च तक हिरासत से बाहर रहेंगे, जब मामले की अगली सुनवाई होगी. राजपाल पिछले एक हफ्ते से दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद थे. उन्होंने पारिवारिक शादी का हवाला देकर बेल की अपील की थी. यह मामला 9 करोड़ रुपये के चेक बाउंस से जुड़ा है. राजपाल ने मुरली प्रोजेक्ट्स से पैसे उधार लिए थे और चेक दिए थे, जो बाउंस हो गए. इससे पहले, अदालत ने उन्हें अतिरिक्त समय देने से इनकार कर दिया था, जिसके बाद उन्हें सरेंडर करना पड़ा.
मामले पर सुनवाई बाकी
बॉलीवुड के मशहूर कॉमेडियन राजपाल यादव ने कई हिट फिल्मों में काम किया है, जैसे 'चुप चुप के', 'भूल भुलैया' और 'ढोल'. उनकी गिरफ्तारी ने फिल्म इंडस्ट्री में हलचल मचा दी थी. अदालत का यह फैसला राजपाल के लिए अस्थायी राहत है, लेकिन मामले की पूरी सुनवाई बाकी है. राजपाल के वकीलों ने कहा कि वह सभी दायित्वों को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं.