घटना ने मशाल जुलूस और ऐसे आयोजनों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल पैदा कर दिए हैं. हालांकि, चिंगारी विधायक तक कैसे पहुंची और मशाल की स्थिति क्या थी, इसे लेकर अभी कोई विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है.