रामायण के लक्ष्मण ने बताया नमस्ते, नमस्कार और प्रणाम में क्या है फर्क, बोले- भारतीय संस्कृति में तीनों के अर्थ अलग

दूरदर्शन की रामायण के लक्ष्मण यानी सुनील लहरी ने बताया कि नमस्ते, नमस्कार और प्रणाम तीनों एक जैसे शब्द नहीं हैं. उन्होंने आसान भाषा में इनका फर्क समझाया और नई पीढ़ी को भारतीय संस्कारों से जुड़े रहने की सलाह भी दी.

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रामायण' के लक्ष्मण ने बताया नमस्ते, नमस्कार और प्रणाम में क्या है फर्क
नई दिल्ली:

हम सब रोज किसी न किसी को नमस्ते, नमस्कार या प्रणाम कहते हैं. ज्यादातर लोगों को लगता है कि ये तीनों शब्द एक ही मतलब रखते हैं. लेकिन अगर आप भी ऐसा सोचते हैं, तो दूरदर्शन के रामायण के लक्ष्मण यानी सुनील लहरी की बात आपको हैरान कर सकती है. उन्होंने हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर करके बताया कि इन तीनों शब्दों का इस्तेमाल अलग-अलग लोगों और अलग मौकों पर होता है. साथ ही उन्होंने नई पीढ़ी के लिए भी एक दिल छू लेने वाला संदेश दिया.

नमस्ते, नमस्कार और प्रणाम में क्या फर्क है

सुनील लहरी ने अपने X अकाउंट पर वीडियो शेयर करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में अभिवादन के ये तीनों शब्द खास मतलब रखते हैं. उनके मुताबिक नमस्ते अपने बराबर या खुद से छोटे लोगों से कहा जाता है. नमस्कार तब कहा जाता है जब एक साथ कई लोगों का अभिवादन करना हो. वहीं प्रणाम अपने से बड़े और सम्मानित लोगों के लिए बोला जाता है. उन्होंने मुस्कुराते हुए ये भी कहा कि उनके लिए सभी लोग इन तीनों में आते हैं, इसलिए वो सबको तीनों शब्द कहते हैं.

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नई पीढ़ी को क्या सलाह दी

सुनील लहरी पहले भी भारतीय संस्कृति से जुड़े मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखते रहे हैं. कुछ समय पहले उन्होंने Gen Z और Gen Alpha जैसे शब्दों पर भी बात की थी. उनका कहना था कि ऐसे नाम लोगों के बीच दूरी बढ़ाने के बजाय उन्हें जोड़ने वाले होने चाहिए. उनका मानना है कि आज के समय के साथ चलना जरूरी है, लेकिन अपनी जड़ों और संस्कारों को नहीं भूलना चाहिए.

स्कूलों के लिए भी रखी खास बात

उन्होंने ये भी कहा कि स्कूलों में पुराने गुरुकुल की कुछ अच्छी बातें शामिल की जा सकती हैं. उनके मुताबिक इससे बच्चों में सम्मान, अनुशासन और अच्छे संस्कार जैसी बातें और मजबूत होंगी.

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आज भी लोगों के दिलों में बसते हैं लक्ष्मण

सुनील लहरी को सबसे बड़ी पहचान 1987 में आई रामानंद सागर की रामायण से मिली थी. लक्ष्मण के उनके किरदार को आज भी लोग उतने ही प्यार से याद करते हैं. 2020 में लॉकडाउन के दौरान जब रामायण दोबारा टीवी पर आई, तब नई पीढ़ी ने भी इस शो को खूब पसंद किया. आज भी सुनील लहरी सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो शेयर करते रहते हैं, जिनमें वो संस्कृति और समाज से जुड़ी बातें आसान भाषा में समझाते हैं.

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