रूस और अमेरिका नहीं, मेडिकल की पढ़ाई के लिए ये देश बन रहे भारतीय छात्रों की पसंद

हर साल, हजारों इंडियन स्टूडेंट्स मेडिकल की पढ़ाई के लिए बॉर्डर पार उन देशों में जाते हैं जहां दुनिया भर में मान्यता प्राप्त डिग्री, सस्ती फीस और बेहतर क्लिनिकल एक्सपोजर मिलता है.

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मेडिकल की पढ़ाई के लिए कहां जा रहे भारतीय छात्र

Best Option For Medical Studies: बढ़ते कॉम्पिटिशन और इंडियन मेडिकल कॉलेजों में कम सीटों के साथ, इंडियन स्टूडेंट्स के लिए विदेश में MBBS करना एक बेहतर ऑप्शन बन गया है. हर साल, हजारों इंडियन स्टूडेंट्स मेडिकल की पढ़ाई के लिए बॉर्डर पार उन देशों में जाते हैं जहां दुनिया भर में मान्यता प्राप्त डिग्री, सस्ती फीस और बेहतर क्लिनिकल एक्सपोजर मिलता है. जब मेडिकल की पढ़ाई की बात होती है तो ज्यादातर लोग रूस और अमेरिका की बात करते हैं. लेकिन आपको बता दें कि इन दो देशों को छोड़ कर कुछ ऐसे देश हैं जो भारतीय छात्रों की पसंद बन चुके हैं. आइए जानते हैं कि वह देश कौन से हैं.

यूनाइटेड किंगडम (UK)

UK मेडिकल एजुकेशन के लिए दुनिया भर में एक जानी-मानी जगह है, जो अपने एडवांस्ड करिकुलम, वर्ल्ड-क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर और रिसर्च वाले इंस्टीट्यूशन के लिए जाना जाता है. MB ChB या MBBS जैसी मेडिकल डिग्री आमतौर पर 5 से 6 साल की होती हैं. भारतीय स्टूडेंट्स को NEET क्वालीफाई करना होगा और यूनिवर्सिटी के आधार पर उन्हें UCAT (पहले UKCAT) या BMAT जैसे UK-स्पेसिफिक एंट्रेंस एग्जाम भी देने होते हैं. UK की मेडिकल डिग्री की दुनिया भर में पहचान है और यहां माहौल भी अच्छा है, इस वजह से यूके भारतीय छात्रों की पहली पसंद बनता जा रहा है.

बेस्ट यूनिवर्सिटीज:

  • यूनिवर्सिटी ऑफ ऑक्सफोर्ड
  • यूनिवर्सिटी ऑफ कैम्ब्रिज
  • यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन (UCL)
  • किंग्स कॉलेज लंदन
  • इंपीरियल कॉलेज लंदन

कनाडा

कनाडा अपने मल्टीकल्चरल माहौल और मजबूत हेल्थकेयर सिस्टम की वजह से मेडिकल के छात्रों के लिए पसंदीदा बन चुका है. यहां की यूनिवर्सिटीज में एडमिशन के लिए NEET जरूरी नहीं है, लेकिन भारतीय लाइसेंस के लिए यह जरूरी है. एडमिशन के लिए आमतौर पर MCAT स्कोर और IELTS/TOEFL जैसे इंग्लिश प्रोफिशिएंसी टेस्ट की जरूरत होती है.

बेस्ट यूनिवर्सिटी:

  • यूनिवर्सिटी ऑफ़ टोरंटो
  • मैकगिल यूनिवर्सिटी
  • यूनिवर्सिटी ऑफ ब्रिटिश कोलंबिया
  • मैकमास्टर यूनिवर्सिटी
  • यूनिवर्सिटी ऑफ मॉन्ट्रियल

जर्मनी

जर्मनी पब्लिक यूनिवर्सिटी में कम या बिना ट्यूशन फ़ीस के रिसर्च पर आधारित, हाई-क्वालिटी मेडिकल एजुकेशन देता है. MBBS कोर्स आम तौर पर छह साल का होता है. यहां दुनिया भर में जाने-माने इंस्टीट्यूट्स हैं. मजबूत रिसर्च और क्लिनिकल ट्रेनिंग के साथ ही यह सुरक्षित और स्टूडेंट-फ्रेंडली प्लेस है.

बेस्ट यूनिवर्सिटीज

  • हीडलबर्ग यूनिवर्सिटी
  • लुडविग मैक्सिमिलियन यूनिवर्सिटी ऑफ़ म्यूनिख
  • टेक्निकल यूनिवर्सिटी ऑफ़ म्यूनिख
  • रुप्रेच्ट-कार्ल्स-यूनिवर्सिटी हीडलबर्ग

ऑस्ट्रेलिया

ऑस्ट्रेलिया अपनी मेडिकल डिग्री के लिए जाना जाता है, जिसमें पढ़ाई के साथ क्लिनिकल प्रैक्टिस भी शामिल है. MBBS प्रोग्राम आमतौर पर 5 से 6 साल के होते हैं. कोर्स के आधार पर, भारतीय स्टूडेंट्स को UCAT ANZ (पहले UMAT) देना पड़ सकता है, और भारत में प्रैक्टिस की योग्यता के लिए NEET जरूरी है. यहां से पढ़ाई करने के फायदे ये हैं कि यहां पढ़ाई के बाद काम के मौके मिल जाते हैं और करिकुलम भी रिसर्च पर आधारित होता है.

बेस्ट यूनिवर्सिटी:

  • यूनिवर्सिटी ऑफ़ मेलबर्न
  • यूनिवर्सिटी ऑफ सिडनी
  • मोनाश यूनिवर्सिटी
  • यूनिवर्सिटी ऑफ़ क्वींसलैंड
  • यूनिवर्सिटी ऑफ़ न्यू साउथ वेल्स

फ्रांस

फ्रांस एक मजबूत पब्लिक हेल्थ केयर सिस्टम के साथ हाई-क्वालिटी मेडिकल एजुकेशन देता है. अधिकतर मेडिकल प्रोग्राम फ्रेंच में पढ़ाए जाते हैं, लेकिन कुछ इंस्टीट्यूशन बाइलिंगुअल कोर्स भी देते हैं. पब्लिक यूनिवर्सिटी में कम ट्यूशन फीस, हाई-क्वालिटी इंफ्रास्ट्रक्चर और ट्रेनिंग यहां से पढ़ने के कुछ खास फायदे हैं.

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बेस्ट यूनिवर्सिटीज

  • सोरबोन यूनिवर्सिटी
  • पियरे और मैरी क्यूरी यूनिवर्सिटी
  • एक्स-मार्सिले यूनिवर्सिटी
  • पेरिस डेसकार्टेस यूनिवर्सिटी
  • ल्योन साउथ मेडिकल स्कूल

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