Noida DM Medha Rupam: नोएडा में एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत का मामला इन दिनों खूब चर्चा में है. घने कोहरे में गाड़ी चलाते हुए 27 साल के युवराज मेहता की कार एक नाले में गिर गई, जिसके बाद दो घंटे तक वो मदद की गुहार लगाता रहा और आखिरकार डूबने से उसकी मौत हो गई. कई लोगों के सामने उखड़ती इन सांसों ने पूरे नोएडा प्रशासन को हिलाकर रख दिया. इसी बीच नोएडा की डीएम को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं, तमाम राजनीतिक दल उनके खिलाफ एक्शन लेने की मांग कर रहे हैं. ऐसे में आज हम आपको नोएडा की डीएम मेधा रूपम की एजुकेशन और यूपीएससी में उनकी रैंक के बारे में बता रहे हैं.
किस बैच की अधिकारी हैं मेधा रूपम?
मेधा रूपम नोएडा यानी गौतम बुद्ध नगर की पहली महिला डीएम हैं. मेधा उत्तर प्रदेश कैडर की 2014 बैच की आईएएस (IAS) अधिकारी हैं और उन्हें अपने काम करने के तरीके को लेकर खूब पहचान मिली. इससे पहले उन्होंने ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी में ACEO अधिकारी के तौर पर भी काम किया, साथ ही कासगंज की डीएम भी रह चुकी हैं.
कहां से की पढ़ाई?
नोएडा की डीएम मेधा रूपम का जन्म आगरा में हुआ था, हालांकि उनकी शुरुआती शिक्षा केरल में हुई. इसके बाद वो दिल्ली आईं और डीयू के मशहूर सेंट स्टीफेंस कॉलेज से इकोनॉमिक्स (ऑनर्स) में ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की. मेधा पढ़ाई में शुरू से ही काफी तेज थीं और यही वजह है कि उन्होंने यूपीएससी की परीक्षा देने का फैसला किया.
UPSC में आई इतनी रैंक
मेधा रूपम ने साल 2013 में यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा दी और इसमें शानदार प्रदर्शन करते हुए 10वीं रैंक (AIR 10) हासिल की. इस दौरान उनकी काफी चर्चा हुई और परिवार ने भी खूब जश्न मनाया. इस तरह से मेधा ने IAS अधिकारी बनकर अपना सपना पूरा किया. ट्रेनिंग के बाद उनकी पहली पोस्टिंग बरेली में सहायक मजिस्ट्रेट के तौर पर हुई. मेधा रूपम ने मेरठ, बाराबांकी, लखनऊ और हापुड़ में काम किया. अधिकारी होने के अलावा मेधा एक खिलाड़ी भी हैं, वो नेशनल लेवल की राइफल शूटर रही हैं और इसमें कई मेडल भी अपने नाम किए हैं.