बॉलीवुड एक्ट्रेस करिश्मा कपूर ने हिंदी फिल्म इंडस्ट्री को कई बेहतरीन फिल्में दी हैं. एक्ट्रेस ने 'हीरो नंबर 1', 'बीवी नंबर 1', 'हम साथ-साथ हैं', जुड़वा और कई दूसरी फिल्मों में काम किया है, इनके लिए उन्हें कई निजी अवार्ड्स भी मिले. उनके सभी किरदारों ने उन्हें कमर्शियल सफलता दिलाई, लेकिन एक किरदार ऐसा भी था जिसने उन्हें इंडियन सिनेमा में किसी भी एक्टर के लिए सबसे बड़े सम्मानों में से एक नेशनल फिल्म अवॉर्ड दिलाया. लेकिन हैरानी की बात ये है कि करिश्मा को नेशनल अवार्ड दिलाने वाली इस फिल्म को उनके पहले कई टॉप एक्ट्रेसेस से रिजेक्ट कर दिया था.
कौन सी है वो फिल्म?
करिश्मा ने एक ऐसी फिल्म में काम किया जिसे जूही चावला, काजोल, उर्मिला मातोंडकर और मनीषा कोइराला जैसी टॉप एक्ट्रेस ने ठुकरा दिया था, क्योंकि इसमें माधुरी दीक्षित के साथ डांस का मुकाबला (डांस फेस-ऑफ) था. अब तो आप समझ ही गए होंगे कि हम आइकॉनिक फिल्म 'दिल तो पागल है' की बात कर रहे हैं. इस फिल्म में माधुरी दीक्षित, शाहरुख खान और करिश्मा कपूर ने काम किया था. इसी फिल्म ने करिश्मा को बेस्ट सपोर्टिंग एक्ट्रेस का नेशनल फिल्म अवॉर्ड जिताया.
यादगार है करिश्मा का वो किरदार
करिश्मा ने हाल ही में बताया कि कैसे लगभग पूरी बॉलीवुड इंडस्ट्री ने 'निशा' का रोल ठुकरा दिया था, जिसके बाद उन्होंने इसे अपनाया और यादगार बना दिया. 'इंडिया टुडे' के साथ एक खास बातचीत में, करिश्मा ने बताया कि कैसे 'निशा' के किरदार ने बॉलीवुड की कई रूढ़िवादी सोच (स्टीरियोटाइप) को तोड़ा. करिश्मा ने कहा, “मुझे लगता है कि निशा के किरदार से सिनेमा बदल गया. वह एक नायिका थी, लेकिन पारंपरिक नायिका नहीं. वह ऐसी नायिका थी जिससे नायक प्यार नहीं करता था. वह उसे ठुकरा रहा था, और दर्शक वास्तव में उसका दर्द देख सकते थे.”
उन्होंने याद करते हुए आगे कहा, “जब 'दिल तो पागल है' बन रही थी, तब कोई भी अभिनेत्री माधुरी के साथ वह भूमिका नहीं करना चाहती थी. कोई भी उनके साथ डांस नहीं करना चाहता था और कॉम्पिटिशन में उनसे मुकाबला नहीं करना चाहता था.”