सुबह के नौ बजे थे. हर शुक्रवार की तरह मुझे रिव्यू के लिए फर्स्ट डे फर्स्ट शो देखना था. इस हफ्ते की फिल्म थी हैवान. वही हैवान, जिसमें अक्षय कुमार और सैफ अली खान जैसे सितारे हैं. जिसका निर्देशन प्रियदर्शन जैसी दिग्गज डायरेक्टर ने किया है. फिर ये मलयालम की उस फिल्म का रीमेक है जिसने 7 करोड़ के बजट में 64 करोड़ रुपये का कलेक्शन किया. इस तरह एक सुपरहिट फिल्म का पूरा मसाला था. अब जैसे ही दिल्ली-एनसीआर में पड़ने वाले नोएडा के एक थिएटर का रुख किया. वहां सुबह सवा नौ बजे का शो था. लेकिन फिल्म की एडवांस बुकिंग की खबरें बना-बनाकर. फिर ओप्पम का मोहनलाल वाला रोल सैफ अली खान कर रहे हैं, ये जानकर ही मन में अनिष्ट की आशंका पहले ही घर करने लगी थी.
नौ बजकर पांच मिनट हो चुके थे. जैसे ही सिनेमाघर में पहुंचा तो टिकट बुक करवाने लगा. यहां जैसे ही सीट कौन सी चुने का विकल्प आया तो मेरी तो रूह ही कांप गई. मुंह से इतना ही निकला हे राम...ये अक्षय कुमार, सैफ अली खान और प्रियदर्शन की फिल्म को क्या हुआ. एक भी टिकट बुक नहीं. किसी ने ऑनलाइन बुकिंग नहीं करवाई. मैंने पैसे दिए और टिकट कटवाई. इस तरह इस सिनेमाघर पर बोहनी मुझ से ही हुई.
मुझे लगा ऑन द स्पॉट टिकट खरीदने वाले लोग शायद थोड़ी देर में आ जाएं. लेकिन ऐसा नहीं हुआ. पूरा सिनेमाघर खाली था. ऐसे में इस मल्टीप्लेक्स ओनर की हिम्मत की दाद दी. सिर्फ एक दर्शक पूरे सिनेमाघर में अकेला बैठकर फिल्म देख रहा था. बेशक एक रिव्यूअर के लिए इससे अच्छा और क्या हो सकता है शांति के साथ फिल्म देख सके. लेकिन बिजनेस के लिहाज से यह बेहद खराब था.
Haiwaan Review: सिनेमाघरों में रिलीज हुई हैवान, जानें कैसी है अक्षय कुमार-सैफ अली खान की फिल्म
फिल्म पर लगभग 110 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं. ऐसे में इसे कमाना चाहिए, यही चाहता रहा. लेकिन फिल्म बनाने से पहले मेकर्स को सोचना भी चाहिए, यही सोचकर तसल्ली पर देता रहा है. फिल्म कैसी थी, कैसी एक्टिंग थी, इसे तो मैंने रिव्यू में मैंने लिख दिया. लेकिन मन यही सोच-सोचकर परेशान था कि अक्षय कुमार, सैफ अली खान और प्रियदर्शन की फिल्म. नोएडा के एक सिनेमाघर से सिर्फ 300 रुपये ही कमा सकी...फिर दिमाग में यही कौँधा...हे राम...