हरियाणा और महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में महाराष्ट्र में जहां भारतीय जनता पार्टी अपनी सहयोगी शिवसेना के साथ बहुमत की ओर बढ़ रही हैं. वहीं हरियाणा में पार्टी को जबरदस्त झटका लगा है. हरियाणा में भाजपा ने अबकी बार 75 पार का नारा दिया था, लेकिन पार्टी 42 सीटों पर सिमट कर रह गई है. पार्टी के वरिष्ठ नेता विनय सहस्रबुद्धे ने कहा है कि इससे कोई फर्क नहीं पड़ता. लक्ष्य का हमेशा ऊंचा रखना चाहिए, लेकिन अगर उसे प्राप्त नहीं कर सके तो ये कोई बड़ी बात नहीं. देखें रिपोर्ट