रामायण के रावण नहीं होते अरविंद त्रिवेदी, इस किरदार के लिए दिया था ऑडिशन

विजयादशमी यानी दशहरा के मौके पर आपको बताते हैं कि रामानंद सागर की रामायण में रावण के किरदार नहीं बल्कि बोटमैन के रोल के लिए अरविंद त्रिवेदी ने ऑडीशन दिया था.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
रामानंद सागर की रामायण में रावण के रोल में फेमस हुए अरविंद त्रिवेदी
नई दिल्ली:

आज पूरा देश दशहरा यानी विजयादशमी मना रहा है, जिस दिन बुराई पर अच्छाई की जीत बोती है. यह उन त्योहारों में से एक है, जिस दिन भगवान श्रीराम ने रावण का वध किया था. इसके चलते दशहरा पर रावण दहन की परंपरा निभाई जाती है. रामानंद सागर की रामायण में रावण के किरदार को एक्टर अरविंद त्रिवेदी ने पर्दे पर जीवंत किया. लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस रोल को निभाने के लिए नहीं बल्कि रामायण में एक बोटवाले के किरदार के ऑडिशन के लिए अरविंद त्रिवेदी गए थे. 

अरविंद त्रिवेदी ने एक इंटरव्यू में अरविंद त्रिवेदी ने बताया कि वह रामायण में केवत (बोटमैन) के किरदार में नजर आए थे. लेकिन जब वह कुछ कदम चले तो रामानंद सागर ने कहा कि उन्हें उनका लंकेश (रावण) मिल गया है. खास बात यह है कि अरविंद त्रिवेदी अपने करियर में 250 से ज्यादा फिल्में कर चुके थे. लेकिन रावण के किरदार में उन्हें पॉपुलैरिटी हासिल हुई, जो कि उनके करियर का इकलौता नेगेटिव रोल था. 

बता दें कि रामायण से पहले अरविंद त्रिवेदी 185 शो विक्रम और बेताल का हिस्सा थे. उन्होंने योगी का किरदार निभाया. जबकि रामायण 1987 में आया था. इस शो के कारण उन्हें पॉपुलैरिटी हासिल हुई और फैंस उन्हें रावण के नाम से ही जानने लगे. वहीं सोशल मीडिया पर उनका सीता अपहरण का रोल भी वायरल हुआ. लेकिन एक वीडियो में सीता का अपहरण करने के लिए अरविंद त्रिवेदी ने माफी मांगी.  

गौरतलब है कि 8 नवंबर 1938 में जन्मे अरविंद त्रिवेदी का 6 अक्टूबर 2021 में निधन हो गया था. वह भारतीय जनता पार्टी का हिस्सा थे. 

Advertisement
Featured Video Of The Day
Iran Dancing Missile Attack: Israel के Iron Dome को तबाह करने वाली Sejjil Missile | Middle East War
Topics mentioned in this article