'मिस इंडिया' खिताब इस एक्ट्रेस के लिए बना बाधा, बोलीं- फिल्म मेकर्स कास्ट करने से हिचकिचाते हैं

'ब्यूटी विद ब्रेन' एक्ट्रेस गुल पनाग ने बताया कि उनके करियर के लिए मिस इंडिया का खिताब बाधा बन गया है.

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गुल पनाग मना रही हैं 46वां जन्मदिन

'ब्यूटी विद ब्रेन' की बात की जाए तो मल्टी-टैलेंटेड पर्सनैलिटी गुलकीरत कौर पनाग का नाम जरूर आता है. मिस इंडिया का खिताब हो या सर्टिफाइड पायलट गुल सिर्फ एक्ट्रेस और मॉडल ही नहीं, बल्कि फिटनेस एक्सपर्ट, बाइकर और सोशल एक्टिविस्ट भी हैं. गुल पनाग ने साल 1999 में मिस इंडिया का खिताब जीता था. उनका नजरिया हमेशा स्पष्ट और अलग हटकर रहा है. बॉलीवुड में उन्होंने कम फिल्में कीं, लेकिन हर बार सार्थक और मजबूत भूमिकाएं चुनीं. एक इंटरव्यू में गुल ने कहा था कि मिस इंडिया का ताज उनके करियर में बाधा बन गया.

मिस इंडिया का ताज बना बाधा

उनका मानना है कि फिल्ममेकर्स ब्यूटी क्वीन को गंभीर और गहरी भूमिकाओं में कास्ट करने से हिचकिचाते हैं. मेकर्स उन्हें सिर्फ ग्लैमरस रोल ही ऑफर करते हैं. गुल ने प्रियंका चोपड़ा का उदाहरण देते हुए कहा कि केवल प्रियंका ही इस टैग को तोड़कर बेहतरीन अभिनेत्री बनीं.

प्रियंका चोपड़ा का दिया उदाहरण

गुल ने बताया था, “मिस इंडिया का खिताब मेरे लिए एक बाधा साबित हुआ है. अगर कोई एक्ट्रेस सिर्फ ग्लैमरस रोल या थोड़ा डांस करने वाली फिल्में करना चाहती है, जहां उसका योगदान कम हो, तो यह खिताब बड़ी उपलब्धि है. लेकिन अगर कोई गंभीर अभिनेत्री बनना चाहती है और सार्थक भूमिकाएं निभाना चाहती है, तो फिल्ममेकर्स मिस इंडिया को ऐसी भूमिकाओं में कास्ट करने से हिचकिचाते हैं." गुल का मानना है कि आजकल अच्छी और सार्थक फिल्में बन रही हैं, जिन्हें मजबूत एक्टर्स की जरूरत है. उन्होंने प्रियंका चोपड़ा का उदाहरण देते हुए उनकी तारीफ करते हुए कहा था कि सिर्फ प्रियंका ही हैं, जिन्होंने ब्यूटी क्वीन का टैग तोड़कर खुद को एक शानदार अभिनेत्री साबित किया है.

22 साल पहले शुरु हुआ फिल्मी करियर

गुल पनाग का फिल्मी सफर साल 2003 में रिलीज हुई फिल्म 'धूप' से शुरू हुआ. डेब्यू फिल्म में उन्होंने कारगिल युद्ध में शहीद हुए कैप्टन अनुज नायर की विधवा की भूमिका निभाई. फिल्म की कहानी परिवार के संघर्ष पर आधारित थी और गुल की परफॉर्मेंस को काफी सराहना मिली. इसके बाद वह साल 2006 में आई नागेश कुकुनूर की 'डोर' में नजर आईं, जिसमें गुल ने एक राजस्थानी विधवा का किरदार निभाया. आयशा टाकिया के साथ उनकी केमिस्ट्री और इमोशनल एक्टिंग ने उन्हें क्रिटिक्स अवॉर्ड दिलाया. यह फिल्म गुल के करियर की सबसे सफल और यादगार फिल्मों में से एक है.

कमर्शियल सिनेमा से दूर रहती हैं गुल पनाग

साल 2007 में 'मनोरमा सिक्स फीट अंडर' आई, जो एक थ्रिलर थी और गुल की परफॉर्मेंस फिर सराही गई. इसके अलावा हेलो, स्ट्रेट, रन, टर्निंग 30 और अब तक छप्पन 2 जैसी फिल्मों का हिस्सा वह रह चुकी हैं. गुल की वेब सीरीज 'पाताल लोक' में उनकी सपोर्टिंग रोल को भी खूब पसंद किया गया. गुल हमेशा कंटेंट वाली फिल्में चुनती हैं और कमर्शियल सिनेमा से दूर रहती हैं.

परिवार के साथ बिताती हैं वक्त

पर्सनल लाइफ की बात करें तो साल 2011 में उन्होंने बॉयफ्रेंड और पायलट ऋषि अत्तारी से पंजाबी रीति-रिवाज से शादी की. साल 2018 में उन्होंने बेटे को जन्म दिया और बेटे का नाम निहाल रखा. वह अक्सर सोशल मीडिया पर परिवार के साथ बाइक राइड, ट्रिप और फिटनेस की तस्वीरें शेयर करती हैं. वह खुद लाइसेंस्ड पायलट, मैराथन रनर और बाइकर भी हैं.

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
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