फिल्म 'मां' में नजर आएंगी दिव्या दत्ता, बोलीं- मां तो मां होती है वह बच्चों के एक फोन कॉल का इंतजार करती है...

दिव्या दत्ता इन दिनों अपने कई प्रोजेक्ट्स को लेकर लाइमलाइट में हैं. फिलहाल तो उनकी फिल्म मां 6 मई को वर्ल्डवाइड रिलीज होने वाली है. यह एक पंजाबी फिल्म है.

विज्ञापन
Read Time: 6 mins
फिल्म 'मां' में नजर आएंगी दिव्या दत्ता
नई दिल्ली:

दिव्या दत्ता इन दिनों अपने कई प्रोजेक्ट्स को लेकर लाइमलाइट में हैं. फिलहाल तो उनकी फिल्म मां 6 मई को वर्ल्डवाइड रिलीज होने वाली है. यह एक पंजाबी फिल्म है. इस फिल्म में उनके साथ गुरप्रीत घुग्गी, राणा रणबीर, आरुषि शर्मा, गिप्पी ग्रेवाल आदी नजर आने वाले हैं. गिप्पी ग्रेवाल ने इस फिल्म के निर्माण के लिए लंबे समय से काम कर रहे थे. वे इस फिल्म को लेकर 5 सालों से काम कर रहे थे. वहीं साल 2022 में मदर्स डे के मौके पर वे इस फिल्म को रिलीज करने जा रहे हैं. 

गिप्पी ग्रेवाल से बातचीत के दौरान वे कहते हैं कि- मदर्स डे पर सभी माताओं को यह एक ट्रिब्यूट है. माताएं बिना किसी स्वार्थ के हमारे बारे में सोचती हैं. दिन से रात तक वे हमारे लिए ही प्रार्थना करती हैं. इस विषय पर फिल्म बनाना मेरा सौभाग्य है. इसके साथ ही वे कहते हैं की जो भी बच्चे अपनी मां का ध्यान नहीं रखते टेक फॉर ग्रांटेड ले लेते हैं. उनके लिए यह फिल्म देखना जरूरी है. वे एक बार इस फिल्म को जरूर देखने जाएं. 

वहीं दिव्या दत्ता से बातचीत के दौरान उनसे कई सवाल जवाब किए गए. NDTV से बातचीत के दौरान जब उनसे पूछा गया की आज कल के बच्चे काम, वर्क और अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर बिजी हैं. ऐसे में वे अपनी मां से बात ही नहीं कर पाते तो क्या लगता है. क्या ये रिश्ता ऐसे ही सिमट जाएगा ? इसपर दिव्या कहती हैं की 'मां हर त्योहार, पूजा, शादी, फंक्शन बच्चों के लिए या तो छोड़ती है या उनके मुताबिक मैनेज करती है. वह ठंड़ा नहीं खाती इसलिए की कहीं बच्चे को ठंड़ा ना लगे. वे अपने घर की शादी में नहीं आ पाती क्योंकी बच्चों के एग्जाम होते हैं तो बच्चों को भी अपना फर्ज समझना चाहिए, मां तो मां होत है बच्चों के एक फोन कॉल का इंतजार करती है. इसलिए मुझे नहीं लगता की एक फोन करने में बच्चों को कोई परेशानी होनी चाहिए. आपको बता दें की फिल्म 6 मई को दुनिया भर के सिनेमाघरों में रिलीज की जाएगी. 


 

Featured Video Of The Day
Bihar Politics: Lalu Yadav ने Nitish को कहा था 'BJP का पालतू', फिर क्यों मिलाया हाथ? | Varchasva